भोपाल में वर्दी को शर्मसार करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है। शहर में पदस्थ एक SAF आरक्षक पर 17 साल की नाबालिग से दुष्कर्म का आरोप लगा है। आरोप के अनुसार आरक्षक ने पीड़िता को जन्मदिन पार्टी का झांसा देकर बुलाया और फिर उसके साथ दुष्कर्म किय। इस दौरान उसके एक साथी आरक्षक ने बाहर पहरा दिया, जबकि उसके साथ उसका 4 साल का बेटा भी मौजूद था।
जानकारी के मुताबिक यह मामला सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। पीड़िता की शिकायत के आधार पर संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। आरोप है कि वारदात को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया और पीड़िता को भरोसे में लेकर घटना स्थल तक पहुंचाया गया।
इस घटना ने न सिर्फ पुलिस व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि समाज को भी झकझोर दिया है। जिस वर्दी को सुरक्षा, विश्वास और अनुशासन का प्रतीक माना जाता है, उसी से जुड़े पुलिसकर्मी पर इस तरह के गंभीर आरोप लगना बेहद चिंताजनक है। लोग इस मामले को लेकर आक्रोशित हैं और सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मामले की जांच तेज कर दी गई है। पीड़िता के बयान, मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल दोनों आरोपी पुलिसकर्मी जांच के दायरे में हैं। यह मामला कानून-व्यवस्था और पुलिस की छवि, दोनों के लिए गहरी चुनौती बनकर सामने आया है।




