रायपुर। छत्तीसगढ़ से राज्यसभा की खाली हो रही दो सीटों के लिए चुनावी तारीखों का ऐलान हो गया है। मतदान 16 मार्च (सोमवार) को होगा, जबकि नामांकन प्रक्रिया 26 फरवरी से 5 मार्च तक चलेगी।
ये दोनों सीटें कांग्रेस के वरिष्ठ नेता केटीएस तुलसी और फूलो देवी नेताम का कार्यकाल पूरा होने के कारण रिक्त हो रही हैं। विधानसभा की वर्तमान संख्या-बल को देखते हुए माना जा रहा है कि इस बार एक-एक सीट भाजपा और कांग्रेस के खाते में जा सकती है।
कांग्रेस में चेहरे को लेकर मंथन
कांग्रेस खेमे में इस बार नए नामों को लेकर चर्चा गर्म है। संकेत मिल रहे हैं कि वरिष्ठ अधिवक्ता केटीएस तुलसी की दोबारा राज्यसभा में वापसी की संभावना कम है। उनकी जगह कांग्रेस के वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी का नाम सुर्खियों में है।
सिंघवी फिलहाल तेलंगाना से राज्यसभा सदस्य हैं और उनका कार्यकाल भी समाप्ति की ओर है। बताया जा रहा है कि तेलंगाना में कुछ नेता स्थानीय चेहरे को मौका देने के पक्ष में हैं। ऐसे में छत्तीसगढ़ उनके लिए एक संभावित विकल्प बन सकता है।
हालांकि, छत्तीसगढ़ कांग्रेस के भीतर भी स्थानीय नेतृत्व को प्राथमिकता देने की आवाज़ उठ रही है। पार्टी के कुछ नेता इस मुद्दे पर हाईकमान से चर्चा की तैयारी में हैं। आने वाले दिनों में तस्वीर साफ हो सकती है।
भाजपा में स्थानीय चेहरों की दौड़
दूसरी ओर भाजपा में लगभग तय माना जा रहा है कि पार्टी किसी स्थानीय नेता को ही राज्यसभा भेजेगी। सूत्रों के मुताबिक, हाल के चुनावों में पराजित कुछ वरिष्ठ नेता भी इस दौड़ में सक्रिय हैं।
राजनीतिक गलियारों में अटकलों और लॉबिंग का दौर शुरू हो चुका है। दोनों दलों के भीतर समीकरण साधने की कोशिशें तेज हो गई हैं।
क्या है आगे का समीकरण?
- नामांकन: 26 फरवरी – 5 मार्च
- मतदान: 16 मार्च
- संभावित परिणाम: एक सीट भाजपा, एक सीट कांग्रेस
राज्यसभा चुनाव भले ही सीधे जनता के मतदान से न होते हों, लेकिन इसके जरिए प्रदेश की राजनीति में कई संदेश जाते हैं। इसलिए दोनों ही दल रणनीति के साथ कदम बढ़ा रहे हैं।







