“मध्य प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था: सरकार की घोर लापरवाही का परिणाम”-कमल नाथ

Madhya Bharat Desk
2 Min Read
The Union Minister for Urban Development & Parliamentary Affairs, Shri Kamal Nath addressing a Press Conference on the Winter Session, 2012 of Parliament (12th Session of Fifteenth Lok Sabha and the 227thSession of the Rajya Sabha), in New Delhi on November 20, 2012. The Minister of State for Parliamentary Affairs & Planning, Shri Rajiv Shukla and the Minister of State (Independent Charge) for Development of North Eastern Region and Minister of State for Parliamentary Affairs, Shri Paban Singh Ghatowar are also seen.

मध्य प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था की बदहाली पर पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता कमलनाथ ने गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने केंद्र सरकार की हालिया रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि प्रदेश में स्कूली शिक्षा को जानबूझकर नजरअंदाज किया जा रहा है।

रिपोर्ट के अनुसार, मध्य प्रदेश में करीब 12,000 सरकारी स्कूल ऐसे हैं, जहाँ केवल एक शिक्षक तैनात है। इतना ही नहीं, 9500 स्कूल अब भी बिजली जैसी बुनियादी सुविधा से वंचित हैं। यह स्थिति न केवल चिंताजनक है, बल्कि छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने के बराबर है।

कमलनाथ ने कहा कि ये सरकारी स्कूल उन लाखों गरीब और वंचित बच्चों के लिए एकमात्र आशा हैं, जो निजी स्कूलों की भारी-भरकम फीस नहीं चुका सकते। लेकिन जब सरकार इन स्कूलों को ही पर्याप्त संसाधन और शिक्षक नहीं दे पा रही, तो ये बच्चे कहां जाएं?

उन्होंने  कहा कि स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी और बुनियादी सुविधाओं का अभाव इस बात का प्रमाण है कि वर्तमान सरकार की प्राथमिकता में शिक्षा नहीं है। इसी वजह से बच्चों के नामांकन की दर भी लगातार घटती जा रही है, और अभिभावक मजबूरी में अपने बच्चों को निजी स्कूलों में दाखिला दिला रहे हैं।

कमलनाथ ने मांग की कि राज्य सरकार तुरंत सभी सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति सुनिश्चित करे और बिजली की व्यवस्था को अनिवार्य रूप से प्राथमिकता दे। उन्होंने कहा कि शिक्षा एक मौलिक अधिकार है और सरकार की जिम्मेदारी है कि वह हर बच्चे को समान और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराए।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द कदम नहीं उठाए, तो यह पीढ़ियों के भविष्य के साथ अन्याय होगा।

 

Share on WhatsApp

Share This Article
Leave a Comment