पूर्व मुख्यमंत्री और विधायक कमलनाथ ने मध्यप्रदेश की मौजूदा सरकार और मुख्यमंत्री मोहन यादव पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि पद की गरिमा बनाए रखनी चाहिए और भाषा में मर्यादा होनी चाहिए, लेकिन मुख्यमंत्री की तरफ से कांग्रेस और उसके नेतृत्व को लेकर जो बातें कही गई हैं, वे बेहद आपत्तिजनक हैं।
कमलनाथ ने सवाल उठाया कि सरकार मेडिकल कॉलेजों के विकास की बात करती है, लेकिन इनमें से कितने वास्तव में पूरी तरह से चालू हैं? उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकारें मेडिकल शिक्षा के विकास से ज्यादा व्यापम और नर्सिंग घोटालों के कारण चर्चा में रही हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि छिंदवाड़ा मेडिकल कॉलेज उनकी सरकार में शुरू किया गया था और विकास के दावे जमीन पर देखने के लिए कभी अच्छे मन से छिंदवाड़ा आकर देखा जा सकता है। साथ ही उन्होंने सिमरिया में बजरंगबली की विशाल मूर्ति और महाकाल कॉरिडोर का भी उल्लेख करते हुए कहा कि ये काम उनकी सरकार के दौरान शुरू हुए थे।
कमलनाथ ने आगे कहा कि सत्ता का घमंड नहीं होना चाहिए। उन्होंने 2018, 2020 और 2023 के चुनावों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया और जनादेश को लेकर गंभीर सवाल उठते रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि जनता अब बदलाव चाहती है और समय आने पर राजनीतिक स्थिति बदल सकती है।






