बिलासपुर और आसपास के लोगों के लिए हवाई सफर को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। बिलासा देवी केवट एयरपोर्ट को और बेहतर बनाने के लिए 300 करोड़ रुपये के विशेष केंद्रीय अनुदान की मांग की गई है।
रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू से मुलाकात कर बिलासपुर एयरपोर्ट के विस्तार और आधुनिकीकरण का प्रस्ताव रखा है।
इस प्रस्ताव में एयरपोर्ट को 4C श्रेणी में अपग्रेड करने और मौजूदा 1,500 मीटर के रनवे को बढ़ाकर करीब 2,885 मीटर करने की मांग की गई है।
अब सवाल है कि रनवे लंबा होने से फायदा क्या होगा? दरअसल, रनवे बढ़ने के बाद बड़े कमर्शियल विमानों के संचालन की संभावना बढ़ेगी। साथ ही नाइट लैंडिंग की सुविधा विकसित करने में भी मदद मिल सकती है। यानी आने वाले समय में बिलासपुर से ज्यादा फ्लाइट और बेहतर हवाई कनेक्टिविटी की उम्मीद बढ़ सकती है।
प्रस्ताव में एयरपोर्ट पर आधुनिक यात्री टर्मिनल और नया एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर बनाने की बात भी शामिल है।
इसका फायदा सिर्फ बिलासपुर शहर तक सीमित नहीं रहेगा। आसपास के करीब 14 जिलों और मध्य प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों के लोगों को भी बेहतर हवाई सुविधा मिलने की उम्मीद है। खासकर बिलासपुर, कोरबा, जांजगीर-चांपा, मुंगेली और रायगढ़ जैसे औद्योगिक और पर्यटन क्षेत्रों के लिए कनेक्टिविटी बेहतर हो सकती है।
वहीं, केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू ने प्रस्ताव पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने बिलासपुर एयरपोर्ट के उन्नयन के साथ रायपुर एयरपोर्ट के अंतरराष्ट्रीयकरण की प्रक्रिया को भी प्राथमिकता से आगे बढ़ाने का आश्वासन दिया है।
कुल मिलाकर, अगर यह प्रस्ताव मंजूर होता है और काम जमीन पर शुरू होता है, तो बिलासपुर एयरपोर्ट की तस्वीर बदल सकती है। अब नजर इस बात पर है कि 300 करोड़ रुपये के इस प्रस्ताव को केंद्र से कब मंजूरी मिलती है और बिलासपुर के लोगों को बेहतर हवाई सुविधा का इंतजार कब खत्म होता है।






