गोपालगंज (बिहार): बिहार की राजनीति में नया मोड़ लेते हुए जन सुराज अभियान के संस्थापक प्रशांत किशोर (PK) ने गोपालगंज सदर विधानसभा सीट से निर्दलीय प्रत्याशी अनूप श्रीवास्तव को समर्थन देने का ऐलान किया है। प्रेस वार्ता में पीके ने कहा कि भाजपा नेताओं के दबाव में जन सुराज के उम्मीदवारों को नामांकन वापस लेने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
प्रशांत किशोर ने कहा कि जन सुराज ने बिहार की 243 सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं, लेकिन इनमें से कुछ प्रत्याशियों को भाजपा के दबाव का सामना करना पड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि गृह मंत्री अमित शाह समेत कई नेताओं ने उम्मीदवारों पर दबाव बनाया है, जिससे कुछ प्रत्याशियों ने नामांकन वापस ले लिया।
उन्होंने बताया कि गोपालगंज सदर सीट से डॉ. शशि शेखर सिन्हा ने भाजपा के दबाव में आकर नामांकन वापस ले लिया, जो जन सुराज आंदोलन के खिलाफ है। पीके ने तंज कसते हुए कहा, “अगर उम्र वजह थी, तो क्या उनकी उम्र पांच दिनों में ही बढ़ गई? यह सब भाजपा की साजिश के तहत किया गया।”
‘लालू राज में बूथ लूटा जाता था, अब प्रत्याशी लूटे जा रहे हैं’
पीके ने भाजपा पर तीखा हमला करते हुए कहा, “लालू यादव के शासन में बूथ लूटा जाता था, लेकिन एनडीए सरकार में तो प्रत्याशी लूटे जा रहे हैं। अब लोकतंत्र नहीं, दबाव की राजनीति चल रही है।” उन्होंने कहा कि गोपालगंज में भाजपा के खिलाफ तीसरा विकल्प देने के लिए जन सुराज निर्दलीय प्रत्याशी अनूप श्रीवास्तव का समर्थन करेगा।
इस मौके पर अनूप श्रीवास्तव ने कहा कि वे भाजपा के सभी पदों से इस्तीफा दे रहे हैं। उन्होंने कहा, “मैं जनता के लिए चुनाव मैदान में उतरा हूं, किसी दल के दबाव में नहीं झुकूंगा।”
प्रेस वार्ता के दौरान प्रशांत किशोर ने यह भी कहा कि जन सुराज का मकसद बिहार की राजनीति में नए वैकल्पिक विकल्प को मजबूत करना है, न कि सत्ता में बैठे दलों की तरह दबाव की राजनीति करना।







