दुर्गा महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के ट्रैफिक मितान स्वयंसेवकों के लिए हेलमेट वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम छत्तीसगढ़ पुलिस और लायंस क्लब रायपुर कैपिटल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा और हेलमेट के महत्व के प्रति जागरूक करना था।
कार्यक्रम में विशेष रूप से उपस्थित एडिशनल एसपी प्रशांत शुक्ला, डीएसपी गुरजीत सिंह और डीएसपी सतीश ठाकुर ने विद्यार्थियों को यातायात नियमों का पालन करने और हेलमेट को अपने जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने की प्रेरणा दी। लायंस क्लब रायपुर कैपिटल से अध्यक्ष लायंस कनिज सिद्दीकी, सचिव लायंस अमरजीत कौर ढलला, कोषाध्यक्ष भोजराज साहू, पूर्व अध्यक्ष डॉ. मीनाक्षी कौशल और प्रीति पांडे सहित अन्य सदस्य भी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही डॉ. प्रतिभा मुखर्जी साहूकार ने कहा कि यह हमारे लिए गर्व की बात है कि पुलिस अधिकारी स्वयं महाविद्यालय आकर विद्यार्थियों को जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थी बताए गए सुझावों को अपने जीवन में अपनाकर समाज में सुरक्षा का संदेश फैलाएं।
राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम अधिकारी सुनीता चंसौरिया ने बताया कि NSS स्वयंसेवक सदैव पुलिस प्रशासन के साथ यातायात जागरूकता में सहयोग देते रहे हैं और ट्रैफिक मितान के रूप में आगे भी अपनी जिम्मेदारी निभाते रहेंगे।
डीएसपी गुरजीत सिंह ने विद्यार्थियों से कहा कि रायपुर के नागरिक यदि पूरी निष्ठा से ट्रैफिक नियमों का पालन करेंगे तो किसी को चालान की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। उन्होंने आग्रह किया कि हेलमेट पहनने की आदत डालें, क्योंकि यह जीवन की रक्षा के लिए आवश्यक है।
डीएसपी सतीश ठाकुर ने प्रेरक कविताओं और कहानियों के माध्यम से विद्यार्थियों को अनुशासन और सुरक्षा का महत्व बताया।
एडिशनल एसपी प्रशांत शुक्ला ने कहा कि युवा देश का भविष्य हैं और उन्हें सदैव हेलमेट पहनना चाहिए तथा तेज गति से वाहन नहीं चलाना चाहिए। उन्होंने बताया कि हेलमेट न लगाने के कारण 60 से 70 प्रतिशत दुर्घटनाओं में जान का नुकसान होता है।
लायंस क्लब की सदस्य प्रीति पांडे ने कहा कि हेलमेट आपकी हेयर स्टाइल को कुछ पल के लिए बिगाड़ सकता है, परंतु यह आपकी जान बचाता है, जो सबसे कीमती है।
कार्यक्रम का संचालन सुनीता चंसौरिया ने किया और आभार प्रदर्शन अनु श्रुति ने किया। इस अवसर पर NSS स्वयंसेवकों एवं कॉलेज के तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को भी हेलमेट वितरित किए गए। कार्यक्रम को सफल बनाने में डीआर अमन झा, प्रो. रविंद्र राजपूत और प्रो. हेमंत साहू का विशेष योगदान रहा।







