कांग्रेस पार्टी के शीर्ष नेता राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे मंगलवार सुबह गुवाहाटी पहुंचे, जहां लोकप्रिय गोपीनाथबोर्डोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उनका पारंपरिक ‘गमोजा’ और बोडो नृत्य से स्वागत हुआ। असम प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई समेत सैकड़ों कार्यकर्ता उनके स्वागत में उपस्थित रहे।
राहुल और खड़गे की यह यात्रा केवल शिष्टाचार नहीं, बल्कि पूरी तरह रणनीतिक थी। दोनों नेताओं ने पार्टी की Political Affairs Committee (PAC) की महत्वपूर्ण बैठक में हिस्सा लिया, जिसमें असम के सांसदों, विधायकों, ज़िला और ब्लॉक स्तर के पदाधिकारियों ने भाग लिया। बैठक का उद्देश्य था 2026 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों की समीक्षा करना, संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करना और स्थानीय मुद्दों पर फोकस करना।
PAC बैठक के बाद, दोनों नेता चायगाँव पहुँचे — गुवाहाटी से लगभग 40 किलोमीटर दूर — जहाँ उन्होंने एक जनसभा को संबोधित किया। यहां राहुल गांधी ने पार्टी का पुराना नारा “डरो मत” दोहराते हुए कार्यकर्ताओं से जनविरोधी नीतियों के खिलाफ खड़े होने का आह्वान किया।
अपने संबोधन में कांग्रेस नेताओं ने असम की भाजपा सरकार पर आदिवासियों, अल्पसंख्यकों और किसानों की जमीन छीनने का आरोप लगाया। पार्टी ने दावा किया कि औद्योगिक इस्तेमाल के नाम पर राज्य सरकार ने 16 से 18 हज़ार एकड़ जमीन हड़प ली है।
यह दौरा साफ़ तौर पर दिखाता है कि कांग्रेस असम में भाजपा के खिलाफ सशक्त रणनीति तैयार कर रही है, जिसमें जमीनी कार्यकर्ताओं को मजबूत करना और क्षेत्रीय मुद्दों पर आक्रामक रुख अपनाना मुख्य लक्ष्य है



