छत्तीसगढ़ विधानसभा में राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी के मुद्दे को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जमकर बहस और हंगामा हुआ। लगातार नारेबाजी और तीखी नोकझोंक के बीच सदन की कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित कर दी गई।
नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने सदन के बाहर मीडिया से बातचीत में आज के दिन को छत्तीसगढ़ के इतिहास का काला दिन बताया। उन्होंने राम मंदिर के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी की जांच सीबीआई से कराने की मांग की।
इससे पहले स्थगन प्रस्ताव नामंजूर होने के बाद विपक्ष ने जोरदार हंगामा किया, जिसके चलते सदन की कार्यवाही कुछ देर के लिए रोकनी पड़ी। दोबारा कार्यवाही शुरू होते ही सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच फिर से तीखी बहस शुरू हो गई।
सदन में दोनों पक्षों की ओर से “जय श्री राम” के नारे लगाए गए। कांग्रेस विधायक “पॉकेट मारना बंद करो” के नारे लगा रहे थे, वहीं सत्ता पक्ष के विधायक “पाप धोने अयोध्या जाओ” कहकर विपक्ष पर तंज कस रहे थे। बढ़ते हंगामे को देखते हुए स्पीकर डॉ. रमन सिंह ने सदन की कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित कर दी।
सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने कहा कि हमने राम मंदिर में हुई कथित लूट के मुद्दे पर चर्चा की मांग की थी। हम विपक्ष की ओर से श्रद्धालुओं की बात सदन में रखना चाहते थे, लेकिन चर्चा की अनुमति नहीं दी गई।
उन्होंने कहा कि हर छत्तीसगढ़िया का चंदा इसमें लगा है। लोगों ने 1-1 रुपये से लेकर लाखों रुपये तक का योगदान दिया है। ऐसे में पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और इसकी जांच सीबीआई से कराई जानी चाहिए।






