भाजपा के वरिष्ठ विधायक अजय चंद्राकर ने मुख्यमंत्री निवास में हुई मंत्रियों की बैठक को लेकर कांग्रेस के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह एक नियमित और संगठनात्मक प्रक्रिया का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भाजपा संगठन और मुख्यमंत्री की ओर से यह एक सार्थक पहल है और ऐसी बैठकें समय-समय पर होती रहती हैं।
21 जून को राहुल गांधी के छत्तीसगढ़ दौरे पर टिप्पणी करते हुए चंद्राकर ने कांग्रेस पर तंज कसा। उन्होंने कहा, “क्या राहुल गांधी के लिए भी गुलाब मंगवाए जा रहे हैं? प्रियंका वाड्रा के लिए तो मंगवाए गए थे।” उन्होंने यह भी कहा कि राहुल गांधी शायद भूपेश बघेल को बधाई देने आ रहे हैं, क्योंकि जहां-जहां भूपेश बघेल जाते हैं, वहां-वहां कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ता है।
कांग्रेस के प्रशिक्षण कार्यक्रम पर सवाल उठाते हुए भाजपा विधायक ने कहा कि कांग्रेस को प्रशिक्षण की जरूरत क्यों पड़ रही है, यह वही बेहतर बता सकती है। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के विशेषज्ञ लगातार केवल एक ही परिणाम दे रहे हैं और वह है पराजय।
छत्तीसगढ़ में शराब की ओवररेटिंग के मुद्दे पर अजय चंद्राकर ने कहा कि कांग्रेस को इस विषय पर बोलने का नैतिक अधिकार नहीं है। उनके मुताबिक कांग्रेस ने अपने शासनकाल में भ्रष्टाचार के सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए थे और अब वह इस मुद्दे पर राजनीति कर रही है।
इंडिया ब्लॉक को लेकर भी उन्होंने तीखी टिप्पणी की। चंद्राकर ने कहा कि विपक्षी गठबंधन के भीतर भगदड़ जैसी स्थिति है और देश में राजनीतिक अराजकता फैलाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कांग्रेस से जिम्मेदार विपक्ष की भूमिका निभाने की अपील करते हुए कहा कि पार्टी में अब गिनती के लोग ही बचे हैं।
NEET परीक्षा और पेपर लीक विवाद पर कांग्रेस की प्रेस कॉन्फ्रेंस को लेकर अजय चंद्राकर ने कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने नैतिक जिम्मेदारी स्वीकार की है, जबकि कांग्रेस के शासनकाल में ऐसी घटनाओं पर किसी मंत्री ने जिम्मेदारी नहीं ली थी। उन्होंने कहा कि इस बार परीक्षा की सुरक्षा के लिए अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं और कांग्रेस ऐसे नैरेटिव गढ़ रही है जिन्हें जनता समझ नहीं रही है।





