नई दिल्ली। हिंदी सिनेमा के सुनहरे दौर से जुड़ी एक और याद आज इतिहास बन गई। 70, 80 और 90 के दशक में अपनी मजबूत अदाकारी से दर्शकों के दिलों में जगह बनाने वाले भरत कपूर अब हमारे बीच नहीं रहे। सोमवार को मुंबई में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनकी उम्र लगभग 80 वर्ष थी।
मिली जानकारी के अनुसार, दोपहर करीब 3 बजे उनका निधन हुआ। इसके बाद शाम 6:30 बजे मुंबई के सायन स्थित श्मशान घाट में परिवार और करीबी लोगों की मौजूदगी में उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस दुखद खबर की पुष्टि उनके करीबी मित्र और अभिनेता अवतार गिल ने की।
भरत कपूर उन कलाकारों में गिने जाते थे, जो हर भूमिका को अपने अभिनय से जीवंत बना देते थे चाहे वह छोटा किरदार हो या बड़ा। उन्होंने कई यादगार फिल्मों में काम किया, जिनमें नूरी, राम बलराम, लव स्टोरी, बाजार, गुलामी और आखिरी रास्ता जैसी फिल्में शामिल हैं।
उनकी अदाकारी में एक अलग ही गहराई और सादगी थी, जिसने उन्हें भीड़ से अलग पहचान दिलाई। उनके जाने से हिंदी फिल्म इंडस्ट्री को एक अपूरणीय क्षति हुई है।



