ढाका में एक बार फिर माहौल तनावपूर्ण हो गया है। एक साल बाद राजधानी में हिंसा उस समय भड़क उठी जब शहर के कई इलाकों में लगातार बम धमाकों की आवाजें सुनाई दीं। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने हिंसक भीड़ पर ‘देखते ही गोली मारो’ का आदेश जारी कर दिया है। यह तनाव पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (ICT) के महत्वपूर्ण फैसले से ठीक पहले बढ़ा है। पूरे बांग्लादेश को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
बांग्लादेश में पिछले वर्ष हुई हिंसा को मुश्किल से एक साल ही बीता था कि ढाका में फिर अराजकता फैल गई। एक के बाद एक हुए धमाकों ने शहर में डर का माहौल बना दिया है। जगह-जगह प्रदर्शन तेज हो गया है और भीड़ ने उग्र रूप ले लिया है। इसी कारण सुरक्षा एजेंसियों ने कठोर रुख अपनाते हुए उपद्रवियों पर कड़ी कार्रवाई के आदेश दे दिए हैं।
रायटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार को ढाका के कई हिस्सों में बम धमाकों की पुष्टि हुई है। पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर लगे आरोपों के मामले में ICT आज अपना फैसला सुनाने वाला है, और फैसले से ठीक पहले राजधानी में अशांति तेजी से बढ़ी है।
अब तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन बार-बार हो रहे धमाकों से लोगों में दहशत फैल गई है। सुरक्षा को देखते हुए देशभर में अलर्ट जारी कर दिया गया है।

शेख हसीना पर क्या आरोप हैं?
पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर पिछले साल छात्रों के प्रदर्शनों के दौरान मानवाधिकार उल्लंघन का आरोप है। कहा गया कि उन्होंने तब सरकार का नेतृत्व करते हुए प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आदेश दिया था। हालांकि शेख हसीना इन आरोपों को झूठ बताती रही हैं। इसी मामले पर ICT की सुनवाई पूरी हो चुकी है और आज फैसला आना है।

फैसले से पहले हसीना का ऑडियो संदेश
निर्णय से पहले शेख हसीना ने एक ऑडियो संदेश जारी कर समर्थकों से आंदोलन को और तेज करने की अपील की है। वहीं उनकी पार्टी आवामी लीग ने देशव्यापी बंद का ऐलान किया है। ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस (DMP) के आयुक्त शेख मोहम्मद सज्जाद अली ने कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों पर देखते ही गोली मारने का आदेश दे दिया है।







