बालोद जिले के गुंडरदेही ब्लॉक स्थित ओटेबन्द में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब 14 अप्रैल की सुबह करीब 9 बजे जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की शाखा में अचानक आग भड़क उठी। देखते ही देखते हालात ऐसे बन गए कि आसपास के लोग और बैंक कर्मचारी घबराकर बाहर निकलने लगे।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बैंक के पास लगे ट्रांसफार्मर में एक बंदर करंट की चपेट में आ गया, जिससे तेज चिंगारी उठी और आग फैल गई। कुछ ही मिनटों में यह आग ट्रांसफार्मर से बढ़कर बैंक भवन तक पहुंच गई और अंदर धुआं भरने लगा।
घटना की सूचना मिलते ही तुरंत बिजली सप्लाई बंद कर दी गई। इसके बाद बैंक प्रबंधन, पुलिस और दमकल विभाग को खबर दी गई। मौके पर बैंक प्रबंधक आर. के. यादव, स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी तेजी से पहुंचे और हालात संभालने में जुट गए।
दुर्ग से पहुंची दमकल टीम ने बैंक कर्मचारियों के साथ मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस दौरान थाना गुंडरदेही की पुलिस टीम और एसडीओपी भी मौके पर मौजूद रहे और पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए रखी।
आग की इस घटना में बैंक को भारी नुकसान हुआ है। बैंक के अंदर रखे कंप्यूटर, सीपीयू, प्रिंटर, पासबुक प्रिंटर, सीसीटीवी कैमरे, काउंटर और पूरी इलेक्ट्रिक वायरिंग जलकर खाक हो गई। हालांकि राहत की बात यह रही कि बैंक के जरूरी दस्तावेज और नकदी को सुरक्षित बचा लिया गया।
इस हादसे के बाद बैंक की सेवाएं अस्थायी रूप से प्रभावित हुई हैं। अगले चार दिनों तक लेन-देन का काम बंद रहेगा, जिससे ग्राहकों और किसानों को परेशानी हो सकती है। उन्हें फिलहाल अंडा और गुंडरदेही की अन्य शाखाओं का उपयोग करने की सलाह दी गई है।
फिलहाल प्रशासन इस पूरे मामले की जांच में जुटा है। शुरुआती तौर पर माना जा रहा है कि ट्रांसफार्मर से निकली चिंगारी ही इस हादसे की वजह बनी।







