लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में प्रस्तावित ‘गौ प्रतिष्ठार्थ धर्म युद्ध’ कार्यक्रम को जिला प्रशासन ने आखिरकार अनुमति दे दी है। हालांकि इस आयोजन के लिए प्रशासन ने 26 कड़ी शर्तें लागू की हैं, जिनका पालन करना आयोजकों के लिए अनिवार्य होगा।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कार्यक्रम के दौरान किसी भी धर्म, जाति या भाषा के खिलाफ उकसाने वाले या भड़काऊ बयान नहीं दिए जा सकेंगे। साथ ही बिना पूर्व अनुमति के जुलूस या शोभायात्रा निकालने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
यह कार्यक्रम स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के नेतृत्व में आयोजित किया जाना प्रस्तावित है। प्रशासन ने कहा है कि कार्यक्रम के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी पूरी तरह आयोजकों की होगी। इसके अलावा सुरक्षा व्यवस्था के लिए तैनात किए जाने वाले पुलिस बल का खर्च भी आयोजकों को ही वहन करना पड़ेगा।
प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों में यह भी साफ कहा गया है कि मंच से किसी भी धार्मिक या राजनीतिक व्यक्तित्व के खिलाफ अपमानजनक या अमर्यादित भाषा का प्रयोग नहीं किया जाएगा। साथ ही नाबालिग बच्चों से किसी भी तरह के विवादित नारे नहीं लगवाने की भी सख्त हिदायत दी गई है।
ध्वनि प्रदूषण को लेकर भी प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और ध्वनि प्रदूषण नियम-2000 के तहत रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक लाउडस्पीकर का इस्तेमाल पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। इसके अलावा कार्यक्रम स्थल पर ध्वनि स्तर 75 डेसीबल से अधिक नहीं होना चाहिए।
इसके साथ ही पार्किंग व्यवस्था, सुरक्षा इंतजाम और अग्निशमन से जुड़े नियमों का पालन करना भी अनिवार्य किया गया है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि अगर किसी भी शर्त का उल्लंघन हुआ तो कार्यक्रम की अनुमति तुरंत रद्द कर दी जाएगी।







