अमेरिका में अध्ययन कर रहे भारतीय छात्रों के लिए अमेरिकी दूतावास ने कड़ा संदेश जारी किया है। दूतावास ने साफ कहा है कि अमेरिका में रहते हुए यदि किसी भी प्रकार के कानून या वीजा नियमों का उल्लंघन किया गया, तो छात्रों को देश से बाहर निकाला जा सकता है।
अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया के ज़रिए चेतावनी देते हुए बताया कि छात्र वीजा कोई मौलिक अधिकार नहीं बल्कि एक विशेष सुविधा है। यदि कोई छात्र अमेरिकी कानून तोड़ता है, गिरफ्तार होता है या वीजा शर्तों का उल्लंघन करता है, तो उसका वीजा तत्काल रद्द किया जा सकता है। साथ ही ऐसे छात्रों को डिपोर्ट करने और भविष्य में अमेरिका का वीजा न देने जैसी कार्रवाई भी की जा सकती है।
दूतावास ने छात्रों को सलाह दी है कि वे सभी नियमों का सख्ती से पालन करें और अपनी पढ़ाई व भविष्य को जोखिम में न डालें।
यह चेतावनी ऐसे समय में सामने आई है, जब कुछ महीने पहले ट्रंप प्रशासन ने छात्र वीजा नियमों में बड़े बदलावों की घोषणा की थी। इन प्रस्तावित बदलावों में वीजा शुल्क बढ़ाना, सोशल मीडिया अकाउंट्स की अनिवार्य जांच और अमेरिका में छात्रों के ठहरने की अवधि को सीमित करने जैसे प्रावधान शामिल हैं। इन नियमों का सीधा असर अमेरिका में पढ़ाई का सपना देख रहे भारतीय छात्रों पर पड़ सकता है।
इन सभी परिवर्तनों की बुनियाद ‘वन बिग ब्यूटीफुल बिल’ को माना जा रहा है, जिस पर 4 जुलाई 2025 को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हस्ताक्षर किए थे।







