नई दिल्ली। अमेरिकी उद्योगपति और टेस्ला के सीईओ एलन मस्क ने अमेरिकी राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। उन्होंने ‘अमेरिकन पार्टी’ के गठन का ऐलान करते हुए कहा कि यह पार्टी अमेरिका के नागरिकों को उनकी “छिनी हुई स्वतंत्रता” लौटाने के लिए बनाई गई है। मस्क ने इस दौरान ट्रंप की चर्चित योजना ‘बिग ब्यूटीफुल बिल’ की आलोचना की और रिपब्लिकन पार्टी को भी आड़े हाथों लिया।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर अपने पोस्ट में मस्क ने कहा, “हम एक पार्टी व्यवस्था में फंसे हैं, यह लोकतंत्र नहीं है। असली विकल्प अब बचा नहीं है, इसलिए हम नया विकल्प लेकर आए हैं – ‘अमेरिकन पार्टी’।”
सोशल मीडिया पोल से लिया गया फैसला
एलन मस्क ने कुछ दिन पहले X पर एक पोल किया था, जिसमें 65% लोगों ने उनसे नई पार्टी बनाने का समर्थन किया। इसके बाद मस्क ने कहा, “जैसा जनता चाहती है, वैसा ही होगा।”
ट्रंप की नीति का विरोध
4 जुलाई को अमेरिकी कांग्रेस द्वारा पारित किए गए ‘बिग ब्यूटीफुल बिल’ पर मस्क ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उनका कहना है कि यह बिल अमेरिका की अर्थव्यवस्था को डुबो देगा और जनता पर अनावश्यक बोझ डालेगा।
रिपब्लिकन नेताओं पर सीधा हमला
मस्क ने यह भी स्पष्ट किया कि वो न केवल ट्रंप बल्कि उन सभी रिपब्लिकन नेताओं का भी विरोध करेंगे जिन्होंने इस बिल को समर्थन दिया है। उन्होंने प्रतिनिधि थॉमस मैसी का समर्थन करते हुए कहा कि ऐसे नेता ही असल में देशहित की बात करते हैं।
अभी साफ नहीं है भविष्य की योजना
हालांकि मस्क ने अपनी पार्टी लॉन्च कर दी है, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि वह 2028 के चुनाव में उम्मीदवार खड़ा करेंगे या नहीं। पार्टी का संगठनात्मक ढांचा भी सार्वजनिक नहीं किया गया है।
क्या बनेगी बड़ी चुनौती?
एलन मस्क की राजनीति में एंट्री ने अमेरिकी सियासत में बहस छेड़ दी है। ट्रंप खेमे में हलचल है, जबकि युवा वर्ग मस्क को नए नेतृत्व के रूप में देख रहा है। अब देखने वाली बात यह होगी कि ‘अमेरिकन पार्टी’ क्या वाकई अमेरिकी राजनीति को नया मोड़ देगी या सिर्फ डिजिटल बहसों तक ही सीमित रह जाएगी।






