सार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने त्रिनिदाद और टोबैगो में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री कमला परसाद-बिसेसर को बिहार की बेटी बताया। उन्होंने उन्हें सरयू नदी और महाकुंभ का पवित्र जल तथा अयोध्या के राम मंदिर की प्रतिकृति भेंट की। इस दौरे को ऐतिहासिक माना जा रहा है क्योंकि 1999 के बाद पहली बार कोई भारतीय प्रधानमंत्री त्रिनिदाद के द्विपक्षीय दौरे पर गया है।
विस्तार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऐतिहासिक त्रिनिदाद दौरे में भारतीय मूल के लोगों से भावनात्मक जुड़ाव की झलक देखने को मिली। पीएम मोदी ने त्रिनिदाद और टोबैगो में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए स्थानीय प्रधानमंत्री कमला परसाद-बिसेसर को “बिहार की बेटी” कहकर संबोधित किया और उन्हें भारत की सांस्कृतिक विरासत से जुड़े पवित्र सरयू जल, महाकुंभ का जल और अयोध्या में निर्मित राम मंदिर की प्रतिकृति भेंट की।
प्रधानमंत्री ने मंच से बोलते हुए बताया कि कमला बिसेसर के पूर्वज बिहार के बक्सर जिले के भेलूपुर गांव से हैं और वे खुद उस गांव का दौरा कर चुकी हैं। उन्होंने आग्रह किया कि वे भारत से लाए गए इस पावन जल को त्रिनिदाद की गंगा धारा में अर्पित करें, जिससे दोनों देशों के आध्यात्मिक रिश्तों को और मजबूती मिले।
यह दौरा त्रिनिदाद के लिए बेहद खास रहा, क्योंकि यह 1999 के बाद पहली बार किसी भारतीय प्रधानमंत्री की आधिकारिक यात्रा थी। पियारको इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर प्रधानमंत्री का गार्ड ऑफ ऑनर के साथ भव्य स्वागत किया गया, जहां 38 मंत्री और 4 सांसद भी उपस्थित थे। यह दौरा कमला बिसेसर के निमंत्रण पर आयोजित हुआ।
कमला बिसेसर ने भी भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए अपनी जड़ों से जुड़ी भावनाएं साझा कीं। उन्होंने बताया कि कैसे वे 2012 में अपने पूर्वजों के गांव बक्सर गई थीं और वहां की मिट्टी से उनका एक भावनात्मक रिश्ता है।






