रायपुर।छत्तीसगढ़ के बागबाहरा से स्मार्ट मीटर को लेकर एक गंभीर शिकायत सामने आई है, जिसने बिजली उपभोक्ताओं में चिंता बढ़ा दी है. एक उपभोक्ता का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद उनका बिजली बिल पहले से ज्यादा आ रहा है, जिसके बाद उन्होंने जांच के तौर पर एक चेक मीटर भी लगवाया.
सिर्फ एक हफ्ते की रीडिंग की तुलना करने पर हैरान करने वाला खुलासा हुआ. चेक मीटर में 390 यूनिट की खपत दर्ज हुई, जबकि स्मार्ट मीटर ने 408 यूनिट दिखाए. यानी महज सात दिन में स्मार्ट मीटर ने चेक मीटर से 18 यूनिट ज्यादा रीडिंग दिखाई.

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अपने X पोस्ट में इस मामले को उठाते हुए लिखा है कि यह फर्क अपने आप में सबूत है कि स्मार्ट मीटर तेज घूम रहे हैं. उनका अनुमान है कि अगर एक हफ्ते में 18 यूनिट का अंतर है, तो एक महीने में यह अंतर सैकड़ों यूनिट तक पहुंच सकता है, जिससे आम उपभोक्ताओं पर वित्तीय बोझ बढ़ेगा.
इस घटना को लेकर भूपेश बघेल ने सरकार पर निशाना साधा है और लिखा है कि पहले भगवान के नाम पर लूटने वाले अब गरीब जनता को मीटर के नाम पर लूट रहे हैं. उन्होंने उपभोक्ताओं से कहा कि जिन्हें अपने स्मार्ट मीटर पर शक है, वे चेक मीटर लगवाएं और यदि गड़बड़ी पाई जाए तो नए मीटर के खिलाफ विरोध करें.






