छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक बार फिर दिल दहला देने वाली डबल मर्डर की वारदात सामने आई है। लैलूंगा थाना क्षेत्र के छापरपानी गांव में 40 वर्षीय बरत कुमारी (बरत नाग) और उनकी 10 माह की बेटी परी की निर्मम हत्या कर दी गई। दोनों के शव गांव के एक खेत में बने बोर घर (बोरवेल हाउस) में खून से लथपथ मिले। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि किसी भारी वस्तु या ईंट जैसे हथियार से उनके सिर और चेहरे पर कई बार वार कर हत्या की गई।
पति की मौत के बाद बदल गई थी जिंदगी
जानकारी के अनुसार, बरत कुमारी के पति का करीब चार-पांच वर्ष पहले निधन हो गया था। इसके बाद उनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं रही। लगभग 10 महीने पहले उन्होंने बेटी परी को जन्म दिया था। बच्ची के पिता की पहचान स्पष्ट नहीं बताई जा रही है। मां-बेटी पिछले कुछ समय से गांव के एक व्यक्ति के खेत में बने बोर घर में रह रही थीं।
गुरुवार सुबह सामने आई वारदात
बताया जा रहा है कि 16 जुलाई की रात यह घटना हुई। बुधवार को बरत कुमारी को सुकवास गांव से चावल लेकर लौटते हुए देखा गया था। गुरुवार सुबह ग्रामीण ननकूराम जब बोर घर पहुंचे तो उन्होंने बरत कुमारी को गंभीर रूप से घायल अवस्था में देखा और तत्काल परिजनों को सूचना दी।
परिजन मौके पर पहुंचे तो वहां का दृश्य बेहद भयावह था। बरत कुमारी के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें थीं और पास में उनकी 10 माह की बेटी परी का शव पड़ा था, जिसके सिर पर भी गहरे घाव मिले। घायल बरत कुमारी को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। बच्ची की मौत घटनास्थल पर ही हो चुकी थी।
पुलिस और फॉरेंसिक टीम जांच में जुटी
घटना की सूचना मिलते ही लैलूंगा थाना पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए गए और अज्ञात आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस हत्या के पीछे की वजह तलाश रही है। जांच में लूट, आपसी रंजिश, व्यक्तिगत विवाद समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर पड़ताल की जा रही है। फिलहाल आरोपी की पहचान नहीं हो सकी है।
पांच दिन में दूसरा डबल मर्डर
रायगढ़ जिले में पांच दिनों के भीतर यह दूसरा डबल मर्डर है। इससे पहले 15 जुलाई को धरमजयगढ़ क्षेत्र में जमीन विवाद के चलते एक बुजुर्ग दंपती की हत्या कर उनके शव जला दिए गए थे। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने जिले में कानून-व्यवस्था और ग्रामीण सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे छापरपानी गांव में शोक और दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने पुलिस से जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग की है।





