आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) सेक्टर में एक बड़ा और चौंकाने वाला बदलाव देखने को मिल रहा है। अरबों डॉलर की वैल्यूएशन वाले AI स्टार्टअप्स के संस्थापक अब पहले से कहीं ज्यादा कम उम्र के होते जा रहे हैं। एक नई वैश्विक रिपोर्ट के मुताबिक, 2024 में AI यूनिकॉर्न स्टार्टअप्स के फाउंडर्स की औसत उम्र घटकर महज 29 साल रह गई है।
ग्लोबल अर्ली-स्टेज वेंचर कैपिटल फर्म एंटलर (Antler) की रिपोर्ट के अनुसार, साल 2021 में जहां AI यूनिकॉर्न्स के संस्थापकों की औसत उम्र लगभग 40 वर्ष थी, वहीं केवल तीन सालों में इसमें तेज गिरावट दर्ज की गई है। यह बदलाव खासतौर पर AI सेक्टर तक सीमित नजर आ रहा है।
रिपोर्ट के लिए एंटलर ने दुनियाभर की 1,629 यूनिकॉर्न कंपनियों और 3,512 संस्थापकों के डेटा का विश्लेषण किया। दिलचस्प बात यह है कि 2014 में यूनिकॉर्न बनने वाले स्टार्टअप्स के फाउंडर्स की औसत उम्र करीब 30 साल थी, जबकि 2022 से 2024 के बीच यूनिकॉर्न बने गैर-AI स्टार्टअप्स में यह औसत उम्र बढ़कर 34 साल तक पहुंच गई।
22 साल की उम्र और 10 अरब डॉलर का वैल्यूएशन
AI आधारित टैलेंट और रिक्रूटमेंट प्लेटफॉर्म मर्कर (Mercor) इस नए ट्रेंड का ताज़ा उदाहरण है। इस स्टार्टअप की सह-स्थापना ब्रेंडन फूडी, आदर्श हीरेमथ और सूर्या मिधा ने की है, जिनकी उम्र फिलहाल केवल 22 वर्ष है। हाल ही में मर्कर का वैल्यूएशन 10 अरब डॉलर से ज्यादा आंका गया, जिसने टेक इंडस्ट्री में हलचल मचा दी।
स्केल AI से जुड़ा नाम, जिसने सबका ध्यान खींचा
CNBC Make It में प्रकाशित रिपोर्ट बताती है कि बीते एक साल में कई ऐसे AI स्टार्टअप्स सामने आए हैं, जिनके संस्थापक बेहद युवा हैं। स्केल AI के सह-संस्थापक एलेक्ज़ेंडर वांग इस ट्रेंड की सबसे चर्चित मिसालों में से एक हैं।
इतिहास भी गवाह है कि उम्र कभी सफलता की सीमा नहीं रही। माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स और फेसबुक (अब मेटा) के संस्थापक मार्क ज़ुकरबर्ग ने भी महज 19 साल की उम्र में अपने-अपने स्टार्टअप्स की नींव रखी थी।
AI सेक्टर में उभरते ये युवा चेहरे इस बात का संकेत हैं कि टेक्नोलॉजी की दुनिया अब अनुभव से ज्यादा इननोवेशन, स्पीड और नए आइडियाज को तरजीह दे रही है।







