कोरबा।जिले में धान खरीदी को लेकर सामने आ रही अनियमितताओं के बीच एक और किसान ने आत्महत्या का प्रयास कर प्रशासनिक व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हरदीबाजार क्षेत्र के कसियाडीह झांझ गांव निवासी 55 वर्षीय किसान बैसाखु राम मरकाम ने तहसील परिसर में जहर का सेवन कर लिया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दोपहर के समय किसान अचानक तहसील के भीतर अचेत अवस्था में कुर्सी पर गिर पड़ा। इसकी सूचना मिलते ही जिला पंचायत उपाध्यक्ष निकिता मुकेश जायसवाल मौके पर पहुंचीं और बिना देर किए अपने निजी वाहन से किसान को हरदीबाजार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ सहायक चिकित्सक डॉ. युधेश सांडे ने तत्काल उपचार शुरू किया। समय रहते बड़ी मात्रा में जहरीले पदार्थ को बाहर निकाल लिया गया, लेकिन जहर के अधिक प्रभाव के चलते किसान की स्थिति गंभीर बनी रही। हालात को देखते हुए उसे एंबुलेंस के माध्यम से बिलासपुर स्थित सिम्स अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसका इलाज जारी है।
घटना की जानकारी मिलते ही कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। पूर्व विधायक पुरुषोत्तम कंवर, पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष मदन लाल राठौर, चंद्रहास राठौर, कन्हैया राठौर, कदम यादव और गुलशन जायसवाल ने किसान के स्वास्थ्य की जानकारी ली और परिजनों को हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।
वहीं प्रशासनिक अधिकारी भी सक्रिय नजर आए। अपर कलेक्टर ओंकार सिंह यदु, पाली एसडीएम रोहित सिंह, तहसीलदार हरदीबाजार अभिजीत राजभानू, दीपका तहसीलदार अमित केरकेट्टा और हरदीबाजार थाना प्रभारी प्रमोद डड़सेना ने मौके पर पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली और जांच के निर्देश दिए।
तहसील परिसर में किसान द्वारा जहर सेवन की घटना से क्षेत्र में भारी आक्रोश और चिंता का माहौल है। हालांकि, प्रारंभिक जांच में आत्महत्या के प्रयास के पीछे के ठोस कारणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन धान खरीदी में कथित अनियमितताओं को लेकर किसानों की बढ़ती नाराजगी एक बार फिर सामने आई है। प्रशासन ने मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।







