रायपुर।छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण संग्राम सेनानी किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अनिल दुबे ने छत्तीसगढ़ महतारी को कथित रूप से बंदी बनाए जाने के मुद्दे पर राज्य सरकार के खिलाफ व्यापक आंदोलन का एलान किया है। उन्होंने कहा कि 28 दिसंबर 2025 को दोपहर 12 बजे छत्तीसगढ़ी भवन, हांडीपारा रायपुर में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें आंदोलन की आगामी रूपरेखा तय की जाएगी।
प्रदेश अध्यक्ष अनिल दुबे ने कहा कि विष्णु देव साय सरकार के कार्यकाल में छत्तीसगढ़ महतारी को बंदी बनाया जाना राज्य की अस्मिता पर सीधा हमला है। उन्होंने स्पष्ट किया कि छत्तीसगढ़ महतारी अस्मिता यात्रा के तहत किसान मुख्यमंत्री निवास तक पहुंचकर सरकार से सीधे जवाब मांगेंगे कि आखिर किस आधार पर छत्तीसगढ़ महतारी को बंदी बनाया गया।
अनिल दुबे ने महासमुंद जिले के जिलाधीश पर माननीय उच्च न्यायालय के आदेश की अवमानना का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि डेढ़ वर्ष बीत जाने के बावजूद न्यायालय के आदेशों का पालन नहीं किया गया, जो प्रशासनिक लापरवाही और सत्ता के दुरुपयोग को दर्शाता है। किसान मोर्चा ने जिलाधीश को आर्थिक अपराधी बताते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
किसान मोर्चा ने आरोप लगाया कि अवैध करणी कृपा पावर प्राइवेट लिमिटेड और अवैध नूतन आयरन पावर एंड प्राइवेट लिमिटेड जैसी कंपनियों को बिना किसी वैधानिक आदेश के महज दो घंटे के भीतर कार्य करने की अनुमति दी गई। अनिल दुबे ने कहा कि इन कंपनियों के पीछे सरकार की मौन सहमति से सत्ता का संचालन किया जा रहा है।
बैठक में खैरागढ़, बेरला, बेमेतरा, बस्तर और सरगुजा क्षेत्रों में खेत-खलिहान, बांध, शासकीय भूमि, काबिल काश्त भूमि और आदिवासी जमीन को नौकरशाही व सत्ताधारी दलों की मिलीभगत से निजी कंपनियों को सौंपे जाने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया जाएगा।
इसके साथ ही स्थानीय रोजगार, किसानों की धान खरीदी, किसानों से अधिक धान तौलने जैसे गंभीर विषयों पर भी आंदोलन का कार्यक्रम तैयार किया जाएगा। बैठक के दौरान छत्तीसगढ़ महतारी अस्मिता यात्रा की तिथि की एक साथ घोषणा की जाएगी।
इस बैठक को प्रदेश अध्यक्ष अनिल दुबे के साथ दाऊ जी. पी. चंद्राकर, दीनदयाल वर्मा, जागेश्वर प्रसाद, लालाराम वर्मा, चेतन देवांगन, महेंद्र कौशिक, वेंगेद्र सोनवेर, छन्नू साहू, विमल ताम्रकार, शिव नारायण ताम्रकार, अशोक कश्यप, लक्ष्मी निषाद और जगदंबिका साहू सहित प्रदेश के वरिष्ठ किसान नेता संबोधित करेंगे।



