जगदलपुर (छत्तीसगढ़): दहेज की प्रताड़ना से तंग आकर एक महिला ने अपनी जिंदगी खत्म कर ली। करपावंड थाना क्षेत्र में रहने वाली सृष्टि उर्फ प्रिया गुप्ता, मूल रूप से बिहार के रोहतास जिले की रहने वाली थी। ससुराल पक्ष से लगातार मारपीट और अपमान झेल रही सृष्टि ने बीते दिन छत से कूदकर आत्महत्या कर ली।
मृतका ने मौत से पहले अपने पिता विनोद प्रसाद गुप्ता को हाथ से लिखा सुसाइड नोट व्हाट्सएप पर भेजा, जिसमें उसने अपने साथ हो रहे अत्याचारों का दर्द बयां किया। फिलहाल पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
शादी के बाद से चल रही थी प्रताड़ना
सृष्टि की शादी 11 साल पहले करपावंड निवासी सत्येंद्र गुप्ता से हुई थी। उसके दो छोटे बच्चे हैं — एक 11 साल की बेटी और 5 साल का बेटा।
जानकारी के मुताबिक, शादी के बाद से ही पति, सास और जेठ द्वारा उस पर दहेज के लिए दबाव बनाया जाता था। मायके से नकद और सामान लाने के लिए रोजाना झगड़े होते थे।
15 अक्टूबर की सुबह जब सृष्टि ने घर की सफाई में थोड़ी देर की, तो नाराज सास और जेठ ने उसके साथ निर्वस्त्र कर मारपीट की। यह अपमान सृष्टि सह नहीं पाई और कुछ देर बाद उसने छत से छलांग लगा दी।
पिता को भेजा सुसाइड नोट
मौत से कुछ ही मिनट पहले सृष्टि ने एक सुसाइड नोट लिखकर उसका फोटो खींचा और अपने पिता को भेज दिया। उसमें लिखा था—
“पापा, दहेज के लिए मुझे रोज मारा जा रहा है… बच्चे मुझसे दूर रखे जाते हैं… अब मैं जीना नहीं चाहती।”
उसने यह भी लिखा कि बीमार होने पर भी इलाज के लिए नहीं जाने दिया जाता, और उसी दिन उसे घसीटकर अपमानित किया गया।
स्वजन बोले— पुलिस नहीं कर रही कार्रवाई
घटना के बाद मायके पक्ष ने आरोप लगाया कि ससुरालवालों ने पुलिस से मिलकर मामला दबाने की कोशिश की। परिजनों ने न्याय की मांग करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
थाना प्रभारी बसंत कुमार खल्को ने बताया कि फिलहाल मर्ग दर्ज कर जांच की जा रही है। सुसाइड नोट पुलिस के पास है, और सभी पहलुओं की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।



