महासमुंद।छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में करणी कृपा स्टील एवं पावर प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ किसानों का गुस्सा भड़क गया है। आरोप है कि कंपनी गैर-औद्योगिक क्षेत्र में अवैध रूप से स्टील, स्पंज आयरन और पावर प्लांट का निर्माण कर रही है, जिससे आसपास की कृषि भूमि और फसलों को भारी नुकसान हो रहा है।
छत्तीसगढ़ संयुक्त किसान मोर्चा के नेतृत्व में किसानों ने आज जिलाधीश कार्यालय महासमुंद पहुंचकर अवैध उद्योग के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा। इस दौरान किसानों ने प्रशासन को 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया है।
01 नवम्बर को होगा बड़ा आंदोलन
किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि तय समय सीमा में कार्रवाई नहीं की गई तो 01 नवम्बर को प्रधानमंत्री के छत्तीसगढ़ दौरे के दौरान किसान नया रायपुर में सत्याग्रह आंदोलन करेंगे और नेशनल हाइवे कंपनी के मुख्य गेट के सामने धरना प्रदर्शन करेंगे।
जिलाधीश ने माना किसानों की मांगें उचित
जनदर्शन के दौरान जिलाधीश महासमुंद ने किसानों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए कहा कि प्रशासन मामले की जांच करेगा और जल्द उचित कार्रवाई होगी।
किसान बोले – सिरपुर की धरोहर और खेती बचाना जरूरी
किसान प्रतिनिधियों का कहना है कि यह आंदोलन सिरपुर की पर्यावरणीय धरोहर और किसानों की आजीविका बचाने के लिए है। उनका कहना है कि कंपनी द्वारा गैर-औद्योगिक क्षेत्र में कब्जा और अवैध निर्माण करना सीधा न्यायालय के आदेशों का उल्लंघन है
किसानों में शामिल रहे प्रमुख नाम
आंदोलन के दौरान प्रमुख रूप से महिला किसान नेत्री राधाबाई सिन्हा, अशोक कश्यप (जिला संगठन प्रभारी), नाथूराम सिन्हा, हेमसागर पटेल, और इंदल पटेल उपस्थित रहे।







