लखनऊ/रायपुर।छत्तीसगढ़ के राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) कर्मियों की लंबित मांगों और सरकार की नीतियों के खिलाफ चल रहे संघर्ष को अब उत्तर प्रदेश के एनएचएम कर्मियों का भी समर्थन मिल गया है। यूपी के स्वास्थ्यकर्मियों ने ऐलान किया है कि वे अपने छत्तीसगढ़ी साथियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं और उनकी हर जायज मांग का समर्थन करेंगे।
कर्मचारियों का कहना है कि सरकार लगातार संविदा पर काम कर रहे हजारों स्वास्थ्यकर्मियों की मांगों को नजरअंदाज कर रही है। न तो नियमितीकरण की दिशा में कोई कदम उठाया गया और न ही वेतन-भत्तों में सुधार किया गया। कर्मियों का आरोप है कि शासन का रवैया एकतरफा और मनमाना है, जिसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

यूपी और छत्तीसगढ़ के एनएचएम कर्मियों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने जल्द ही ठोस कदम नहीं उठाए, तो वे राष्ट्रीय स्तर पर बड़ा आंदोलन करेंगे। इसमें देशभर के एनएचएम कर्मियों को जोड़ा जाएगा। उनका कहना है कि सरकार की उदासीनता जारी रही तो मजबूरन देशव्यापी धरना-प्रदर्शन करना पड़ेगा।
एनएचएम कर्मचारियों ने यह भी साफ कर दिया है कि यदि उनकी मांगों की अनदेखी की गई, तो आंदोलन और उग्र होगा, जिससे सीधे तौर पर आम जनता को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर असर पड़ सकता है।







