बीजापुर जिले में गिरदावरी के काम के लिए इंद्रावती नदी पार माड़ क्षेत्र गए तीन राजस्व विभाग के कर्मी लगातार बारिश और बाढ़ के कारण पांच दिन तक फंस गए थे। पटवारी विजयेंद्र पाल शाह, हरिशंकर यालम और राजस्व निरीक्षक (RI) अनिल भास्कर की टीम बड़ेपल्ली–गुट्टामंगी इलाके में सर्वे कर रही थी, तभी भारी बारिश से नदी-नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ गया और वापसी का रास्ता बाढ़ में बंद हो गया।
उनकी फंसे होने की जानकारी मिलने पर जिला कलेक्टर विश्वदीप ने तत्काल रेस्क्यू के निर्देश दिए। प्रशासन ने हेलीकॉप्टर के जरिए एयरलिफ्ट ऑपरेशन चलाया और पांच दिन बाद तीनों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
रेस्क्यू के बाद तीनों को बीजापुर जिला अस्पताल ले जाकर स्वास्थ्य जांच कराई गई, जहां उनकी तबीयत सामान्य पाई गई। चक्रवाती तूफान ‘अरनब’ और ओडिशा की खतिगुड़ा–मुरान बांधों के गेट खोले जाने से बस्तर-बीजापुर क्षेत्र में भारी बारिश और बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। इंद्रावती नदी का जलस्तर खतरे के निशान से कई मीटर ऊपर पहुंच गया था, जिससे कई गांव टापू जैसे कट गए थे।
प्रशासन, SDRF और वायु सेना की टीमों ने बाढ़ प्रभावित इलाकों से हजारों लोगों को सुरक्षित निकाला है, जिनमें से कुछ को हेलीकॉप्टर से एयरलिफ्ट किया गया।





