राष्ट्रीय महासचिव हिंदू संघर्ष समिति के अनूप पांडेय ने डॉ. चौलेश्वर चंद्राकर की नियुक्ति का आदेश जारी किया है।
डॉ. चौलेश्वर चंद्राकर ने छात्र राजनीति से छत्तीसगढ़ में अपनी अलग पहचान बनाई है। छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण आंदोलन के दौरान उन्होंने संघर्ष करते हुए नए छत्तीसगढ़ के निर्माण के लिए दिल्ली सहित पूरे छत्तीसगढ़ का दौरा किया और युवाओं की टीम तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
वे जांजगीर-चांपा जिले के सक्ती क्षेत्र के निवासी हैं और वर्तमान में राजधानी रायपुर में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। फिलहाल वे भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा की प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य हैं तथा दुर्ग संभाग के प्रभारी की जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो डॉ. चौलेश्वर चंद्राकर एम.ए., एम.फिल. और पीएचडी हैं। वे गोल्ड मेडलिस्ट भी हैं। उन्हें छत्तीसगढ़ शासन द्वारा 1 नवंबर 2007 को राज्य अलंकरण समारोह में पंडित रविशंकर शुक्ल सम्मान से भी सम्मानित किया जा चुका है।
झीरम घाटी नक्सली हमले में वे गोली लगने से घायल भी हुए थे। सामाजिक संगठनों के साथ-साथ वे सक्रिय राजनीति में भी लगातार कार्य कर रहे हैं।
राष्ट्रीय महासचिव हिंदू संघर्ष समिति बनने पर डॉ. चौलेश्वर चंद्राकर ने राष्ट्रीय नेतृत्व के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सनातनियों की भूमि है। यह माता कौशल्या की जन्मभूमि और प्रभु श्रीराम का ननिहाल माना जाता है। प्रभु श्रीराम के चरण इस भूमि पर पड़े हैं और यह महान संतों व ऋषि-मुनियों की तपोभूमि रही है। उन्होंने कहा कि इसी सोच और लक्ष्य को लेकर वे संगठन के लिए कार्य करेंगे।







