हेमचंद यादव विश्वविद्यालय, दुर्ग को भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के अंतर्गत संचालित डॉ. अंबेडकर फाउंडेशन, नई दिल्ली द्वारा डॉ. अंबेडकर चेयर (शोध-पीठ) की स्थापना के लिए स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके साथ ही विश्वविद्यालय छत्तीसगढ़ का पहला विश्वविद्यालय बन गया है जिसे इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय शोध-पीठ की स्थापना का गौरव प्राप्त हुआ है।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) संजय तिवारी ने बताया कि नई दिल्ली में विश्वविद्यालय द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव को स्वीकृति मिलना प्रदेश के उच्च शिक्षा क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। उन्होंने इस सफलता के लिए रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल, दुर्ग सांसद विजय बघेल, राजनांदगांव सांसद संतोष पांडे और केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू के सहयोग, मार्गदर्शन और प्रयासों के प्रति आभार व्यक्त किया।
कुलपति ने कहा कि इन जनप्रतिनिधियों के सहयोग से विश्वविद्यालय के प्रस्ताव को केंद्र स्तर पर सकारात्मक समर्थन मिला, जिसके परिणामस्वरूप यह महत्वपूर्ण स्वीकृति प्राप्त हुई। उन्होंने विश्वास जताया कि डॉ. अंबेडकर चेयर की स्थापना से सामाजिक न्याय, संवैधानिक मूल्यों, अनुसंधान और अकादमिक उत्कृष्टता को नई दिशा मिलेगी।
डॉ. अंबेडकर चेयर के माध्यम से विश्वविद्यालय को स्थापना अनुदान, वार्षिक शैक्षणिक सहायता, शोध अनुदान, चेयर प्रोफेसर एवं सहायक प्राध्यापक पदों के साथ-साथ शोधार्थियों के लिए फेलोशिप जैसी अनेक सुविधाएं प्राप्त होंगी। इससे विश्वविद्यालय राष्ट्रीय स्तर पर शोध और नवाचार के क्षेत्र में अपनी मजबूत पहचान स्थापित कर सकेगा।
देश के प्रतिष्ठित संस्थानों में शामिल होने जा रहे हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ के लिए गौरव का विषय मानी जा रही है।





