तमिलनाडु की सियासत में बड़ी हलचल मच गई है। Vijay की पार्टी Tamilaga Vettri Kazhagam ने विधानसभा चुनाव में शानदार प्रदर्शन करते हुए 108 सीटों पर जीत दर्ज की और सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया। लेकिन सत्ता की दहलीज पर पहुंचते ही विजय कानूनी विवादों में घिर गए हैं।
Madras High Court ने विजय के खिलाफ आयकर अनियमितताओं के मामले में FIR दर्ज करने का आदेश दिया है। यह मामला साल 2015 में रिलीज हुई फिल्म Puli से जुड़ा बताया जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, हाईकोर्ट की रजिस्ट्री ने बुधवार 6 मई 2026 को याचिका को नंबर दे दिया है। अब इस मामले की जल्द ही मेंटेनेबिलिटी यानी स्वीकार्यता के मुद्दे पर सुनवाई हो सकती है। यह याचिका पिछले महीने दायर की गई थी, लेकिन शुरुआत में रजिस्ट्री ने इसे नंबर देने से इनकार कर दिया था। बाद में 8 अप्रैल को चीफ जस्टिस सुश्रुत अरविंद धर्माधिकारी और जस्टिस जी. अरुल मुरुगन की खंडपीठ ने रजिस्ट्री को निर्देश दिया कि याचिका को मेंटेनेबिलिटी के अधीन नंबर दिया जाए।
मामले में दावा किया गया है कि फिल्म के निर्माता पीटी सेल्वकुमार और शिबू (SKT Studios) ने विजय को 16 करोड़ रुपये चेक के जरिए और करीब 4.93 करोड़ रुपये नकद दिए थे। आरोप है कि TDS केवल चेक से दी गई राशि पर जमा किया गया, जबकि नकद भुगतान पर टैक्स नियमों का पालन नहीं किया गया।
दस्तावेजों के अनुसार, आयकर जांच के दौरान विजय से पूछताछ भी हुई थी। इस दौरान उन्होंने कथित तौर पर करीब 5 करोड़ रुपये नकद प्राप्त करने की बात स्वीकार की और उस पर टैक्स चुकाने की सहमति जताई थी।
इतना ही नहीं, विजय ने वित्त वर्ष 2015-16 के लिए 15 करोड़ रुपये की अतिरिक्त आय का स्वेच्छा से खुलासा भी किया था। बाद में उन्होंने आकलन वर्ष 2016-17 के लिए 35.42 करोड़ रुपये की कुल आय घोषित करते हुए आयकर रिटर्न दाखिल किया। इसमें 17.81 लाख रुपये के डिप्रिसिएशन और 64.71 लाख रुपये के फैंस क्लब खर्च पर छूट का दावा भी शामिल था।
तमिलनाडु में सरकार बनाने की तैयारी कर रही TVK के लिए यह मामला राजनीतिक रूप से बड़ा झटका माना जा रहा है। विपक्ष अब इस मुद्दे को लेकर विजय और उनकी पार्टी पर हमलावर हो गया है।







