रायपुर।जल संसाधन विभाग के सिंचाई विभाग मुंगेली डिवीजन में पदस्थ SAC जीवनलाल भार्गव पर भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगे हैं। भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के प्रदेश महामंत्री डॉ. देवेंद्र माहला ने मुख्य सचिव को पत्र लिखकर मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने और कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
पत्र में आरोप लगाया गया है कि जीवनलाल भार्गव पिछले करीब 20 वर्षों से एक ही जगह पदस्थ हैं। भार्गव का दावा है कि उसके पद और स्थान से उसे कोई हिलाने का दम नहीं रखता है चाहे वह कोई मंत्री ही क्यों न हो। उन्होंने अपने पद का प्रभाव और राजनीतिक पहुंच के दम पर अपना दबदबा बना रखा है। शिकायत में कहा गया है कि वे विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों पर दबाव बनाकर कार्य कराते हैं।


जीवनलाल भार्गव द्वारा भार्गव कंस्ट्रक्शन के नाम पर खुद ठेकेदारी किया जाता है। डॉ. माहला ने आरोप लगाया कि भार्गव ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए भारी मात्रा में अवैध संपत्ति अर्जित की है। शिकायत के अनुसार उनके पास आलीशान घर, 2 से 3 कारें, 30 से 40 एकड़ जमीन सहित अन्य संपत्तियां हैं, जिनकी जांच की मांग की गई है।
पत्र में यह भी आरोप है कि विभागीय ठेकेदारों से कमीशन मांगने, ब्लैकमेल करने और भुगतान रोककर दबाव बनाने जैसे कार्य किए जाते हैं। साथ ही ठेकेदारों को अपनी पसंद की फर्मों को पेटी में काम देने के लिए मजबूर करने का भी आरोप लगाया गया है।
भाजपा नेता ने प्रमुख सचिव से मांग की है कि जीवनलाल भार्गव के पिछले 20 वर्षों के कार्यकाल और संपत्ति की सूक्ष्म जांच कराई जाए, ताकि भ्रष्टाचार के आरोपों की सच्चाई सामने आ सके।





