रायपुर। नवा रायपुर के निवासियों के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। छत्तीसगढ़ सरकार ने नवा रायपुर को नई तहसील के रूप में घोषित करते हुए इसकी आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है। इस फैसले के बाद अब क्षेत्र के लोगों को जमीन और राजस्व से जुड़े कामों के लिए रायपुर या अन्य तहसीलों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी नोटिफिकेशन के अनुसार, नवा रायपुर अब रायपुर जिले की एक स्वतंत्र तहसील के रूप में कार्य करेगा। इससे पहले जिले में रायपुर, मंदिर हसौद, अभनपुर, धरसींवा और तिल्दा-नेवरा तहसीलें थीं। अब इन तहसीलों के साथ नवा रायपुर भी प्रशासनिक व्यवस्था में शामिल हो गया है।
अब तक नवा रायपुर और आसपास के गांवों के लोगों को जमीन से जुड़े काम जैसे नामांतरण, खसरा सुधार, बटांकन, डायवर्सन और विभिन्न प्रकार के प्रमाण पत्र बनवाने के लिए दूसरी तहसीलों में जाना पड़ता था। नई तहसील बनने के बाद ये सभी सेवाएं स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध हो सकेंगी।
जानकारी के अनुसार, नई तहसील के अंतर्गत 20 पटवारी हल्कों के लगभग 39 गांवों को शामिल किया गया है। इससे क्षेत्र के हजारों लोगों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
सरकार का मानना है कि इस फैसले से प्रशासनिक कामकाज में तेजी आएगी और आम लोगों का समय व खर्च दोनों बचेंगे। साथ ही क्षेत्र में प्रशासनिक मौजूदगी बढ़ने से कानून-व्यवस्था और सरकारी सेवाओं की पहुंच भी और मजबूत होगी।







