बिहार की सियासत में एनडीए के मुख्यमंत्री चेहरे को लेकर विवाद तेज हो गया है। गृह मंत्री अमित शाह के बयान के बाद अब केंद्रीय मंत्री और नीतीश कुमार के करीबी ललन सिंह ने भी बड़ा बयान देकर राजनीतिक माहौल गर्मा दिया है। उन्होंने कहा कि 2020 में नीतीश कुमार मुख्यमंत्री नहीं बनना चाहते थे, लेकिन पीएम नरेंद्र मोदी के आग्रह पर उन्होंने पद संभाला था।
ललन सिंह ने बाढ़ विधानसभा क्षेत्र में आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में कहा कि अमित शाह के बयान को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि एनडीए नीतीश कुमार के नेतृत्व में ही बिहार विधानसभा चुनाव लड़ रहा है।
ललन सिंह ने किया अमित शाह के बयान का समर्थन
केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने कहा, “गृह मंत्री अमित शाह ने तीन महत्वपूर्ण बातें कही थीं। पहली, हमलोग नीतीश कुमार के नेतृत्व में चुनाव लड़ रहे हैं। दूसरी, 2020 में वे मुख्यमंत्री बनना नहीं चाहते थे, लेकिन पीएम मोदी के अनुरोध पर उन्होंने जिम्मेदारी ली। और तीसरी, हर चुनाव के बाद विधायक दल की बैठक में नेता का चयन होता है।”
उन्होंने विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि कुछ लोग अमित शाह के बयान को गलत संदर्भ में पेश कर राजनीतिक माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं।
‘एनडीए नीतीश कुमार के नेतृत्व में मजबूत’
ललन सिंह ने दावा किया कि एनडीए सरकार विकास के एजेंडे पर मजबूती से आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा, “हमलोग मोकामा समेत पूरे बिहार में बहुमत से जीत दर्ज करेंगे।” वहीं, उन्होंने बाहुबली नेता अनंत सिंह की जीत का भी भरोसा जताया।
अमित शाह ने क्या कहा था?
एक चैनल को दिए इंटरव्यू में गृह मंत्री अमित शाह से पूछा गया कि अगर बिहार चुनाव में एनडीए जीतती है तो क्या नीतीश कुमार मुख्यमंत्री होंगे? जवाब में उन्होंने कहा, “मैं कौन होता हूं किसी को मुख्यमंत्री बनाने वाला? चुनाव के बाद विधायक दल के नेता बैठकर निर्णय लेंगे।”
हालांकि, शाह ने यह भी जोड़ा कि एनडीए नीतीश कुमार के नेतृत्व में ही चुनाव लड़ रहा है और बिहार की जनता को उन पर पूरा भरोसा है।



