पटना। दिल्ली में कांग्रेस की केंद्रीय चुनाव समिति (CEC) की दो दिवसीय बैठक के बाद पार्टी के शीर्ष नेता बुधवार शाम पटना लौट आए। लौटते ही उन्होंने 21 उम्मीदवारों को पार्टी का चुनावी सिंबल (Symbol) सौंपा और देर रात राजद नेता तेजस्वी यादव से मुलाकात की। इस बैठक में वामदलों के कई वरिष्ठ नेता भी शामिल हुए।
कांग्रेस के बिहार प्रभारी कृष्णा अल्लावरू, प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम और विधानमंडल दल के नेता डॉ. शकील अहमद खान बीते दो दिनों से दिल्ली में मौजूद थे, जहाँ उन्होंने राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे सहित पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ प्रत्याशियों के नाम को अंतिम रूप दिया। आलाकमान की सहमति मिलने के बाद तीनों नेता पटना लौटे और सीधे डॉ. खान के सरकारी आवास स्थित पार्टी वार रूम पहुंचे।
वहाँ से पार्टी ने प्रत्याशियों को बारी-बारी से बुलाकर चुनावी प्रतीक (सिंबल) सौंपने की प्रक्रिया शुरू की। पार्टी ने देर रात आधिकारिक तस्वीरें जारी कीं, जिनमें कई प्रमुख प्रत्याशी सिंबल लेते नजर आए।
इन उम्मीदवारों को मिला सिंबल:
अब तक पार्टी ने जिन उम्मीदवारों को टिकट देकर सिंबल सौंपा है, उनमें बिक्रम से अनिल कुमार, वैशाली से संजीव सिंह, रीगा से अमित कुमार टुन्ना, फुलपरास से सुबोध मंडल, राजापाकर से प्रतिमा कुमारी दास, बेगूसराय से अमिता भूषण, सुल्तानगंज से ललन कुमार, बरबीघा से त्रिशुलधारी सिंह, औरंगाबाद से आनंद शंकर, वजीरगंज से शशि शेखर सिंह, लखीसराय से अमरेश कुमार, बछवाड़ा से शिव प्रकाश गरीबदास, रोसड़ा से बीके रवि, अमरपुर से जितेंद्र सिंह, गोविंदगंज से शशि भूषण राय, मुजफ्फरपुर से बिजेंद्र चौधरी, गोपालगंज से ओम प्रकाश गर्ग, और नालंदा से कौशलेंद्र कुमार उर्फ छोटे मुखिया शामिल हैं।
सिंबल वितरण के बाद कांग्रेस नेतृत्व देर रात तेजस्वी यादव के पोलो रोड स्थित आवास पहुंचा, जहाँ महागठबंधन के घटक दलों की एक अहम बैठक हुई। इस बैठक में कांग्रेस, राजद और वामदलों के वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
महागठबंधन में सीट बंटवारे पर चर्चा:
बैठक में भाकपा (CPI) ने बछवाड़ा सीट पर कांग्रेस के उम्मीदवार उतारने पर कड़ी आपत्ति दर्ज कराई। हालांकि, कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि सभी मतभेद जल्द सुलझा लिए जाएंगे और महागठबंधन के भीतर सीटों के बंटवारे की घोषणा जल्द की जाएगी।
बैठक देर रात तक चली और नेताओं ने साझा रूप से कहा कि सभी दलों में सहमति बन रही है, ताकि चुनाव से पहले एक मजबूत गठबंधन का संदेश जनता तक पहुँचे।







