नई दिल्ली: कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा की ओर से सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी पर की गई प्रतिक्रिया पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कड़ी आपत्ति जताई है। भाजपा नेताओं का कहना है कि यह न्यायपालिका की गरिमा पर सीधा हमला है और अदालत को इस पर स्वतः संज्ञान लेना चाहिए।
क्या है पूरा मामला?
हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने राहुल गांधी को भारतीय सेना को लेकर की गई एक विवादित टिप्पणी के लिए फटकार लगाई थी। कोर्ट ने कहा था कि:
“यदि आप सच्चे भारतीय हैं, तो ऐसी बात नहीं कहेंगे।”
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रियंका गांधी ने कहा:
“यह तय करना न्यायालय का काम नहीं है कि कौन सच्चा भारतीय है और कौन नहीं।”
प्रियंका के इसी बयान को लेकर भाजपा ने नाराजगी जताई और कहा कि यह सुप्रीम कोर्ट की वैधता को चुनौती देने जैसा है।
भाजपा की प्रतिक्रिया:
| नेता | प्रतिक्रिया |
|---|---|
| अमित मालवीय | “गांधी परिवार का यह बयान न्यायपालिका का अपमान है। अगर कोर्ट तय नहीं करेगा कि राष्ट्रभक्ति की परिभाषा क्या है, तो कौन करेगा?” |
| निष्कांत दुबे | “जब मेरे बयान पर स्वत: संज्ञान लिया गया, तो प्रियंका गांधी पर क्यों नहीं? अगर कार्रवाई नहीं हुई तो जनता का न्यायपालिका से विश्वास उठ जाएगा।” |
भाजपा नेताओं ने इसे गांधी परिवार का “अहंकारपूर्ण रवैया” बताया और कहा कि कानून सभी पर समान रूप से लागू होना चाहिए।







