छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले की उपजिला जेल में घटी एक घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने जेल प्रशासन की कार्यप्रणाली और उसमें फैले वीआईपी कल्चर की सच्चाई सबके सामने ला दी है। वीडियो में साफ नजर आता है कि जेल परिसर के बीचोंबीच एक युवक को जेलर और पहरी मिलकर बेरहमी से पीट रहे हैं। युवक बार-बार दया की गुहार लगाता दिख रहा है, जबकि आसपास खड़े अन्य कर्मचारी मूकदर्शक बने रहते हैं।
सूत्रों के अनुसार पीड़ित युवक अपने परिचित से मिलने जेल पहुंचा था, लेकिन उसे मिलने की अनुमति नहीं दी गई। इसके उलट, जेल में बंद कुछ आरोपियों के परिजनों को वीआईपी ट्रीटमेंट देते हुए आसानी से अंदर मुलाकात का मौका दिया गया। जब युवक ने इस भेदभाव पर आपत्ति जताई और नियमों पर सवाल उठाया, तो जेल स्टाफ भड़क गया। उन्होंने युवक को प्रांगण में खींचकर बेरहमी से पीट दिया।
जैसे ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर फैला, जिले में आक्रोश की लहर दौड़ पड़ी। लोगों ने जेल प्रशासन की मनमानी और वीआईपी कल्चर के खिलाफ कड़ी नाराजगी जताई। इस घटना ने न केवल प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं, बल्कि यह भी दिखाया है कि नियम-कानून सबके लिए समान नहीं हैं।
अब इस पूरे मामले में जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की मांग उठने लगी है। लोग उम्मीद कर रहे हैं कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और जेल व्यवस्था में व्याप्त इस वीआईपी संस्कृति पर सख्त रोक लगेगी।







