कोरिया।जिले के सोनहत तहसील के ग्राम कटगोड़ी में भाजपा नेता भरत सिंह गहरवार उर्फ लल्ला सिंह की हत्या के बाद इलाके में तनाव को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए कलेक्टर रोक्तिमा यादव ने चिन्हित क्षेत्रों में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 लागू करने के आदेश जारी किए हैं।
प्रशासन के आदेश के मुताबिक बैकुंठपुर के महलपारा, नौगई क्षेत्र और ग्राम कटगोड़ी स्थित भरत सिंह के क्रेशर प्लांट के आसपास 300 मीटर के दायरे में विशेष प्रतिबंध लागू किए गए हैं। प्रशासन का मानना है कि घटना के बाद माहौल बिगड़ सकता है, इसलिए एहतियात के तौर पर यह कदम उठाया गया है।
धारा 163 लागू होने के बाद इन क्षेत्रों में किसी भी प्रकार के हथियार, घातक अस्त्र-शस्त्र या विस्फोटक सामग्री लेकर चलने पर रोक रहेगी। साथ ही जुलूस, धरना, प्रदर्शन, आमसभा और अन्य सार्वजनिक कार्यक्रमों के आयोजन पर भी प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने यह भी साफ किया है कि भड़काऊ नारेबाजी, आपत्तिजनक पोस्टर, पंपलेट या ऐसी किसी भी गतिविधि की अनुमति नहीं होगी, जिससे सामाजिक सौहार्द प्रभावित होने की आशंका हो।
जानकारी के अनुसार मंगलवार रात करीब 10:30 बजे पुराने विवाद को लेकर यह घटना हुई। पुलिस के मुताबिक भरत सिंह गहरवार अपने साथियों योगेंद्र सिंह, वीरेंद्र सिंह, मयंक सिंह और नागेंद्र सिंह के साथ ग्राम कटगोड़ी में मनोज त्रिपाठी के घर के सामने पहुंचे थे। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया और मामला हिंसक हो गया।
आरोप है कि मनोज त्रिपाठी, निशांत त्रिपाठी और उनके साथ मौजूद अन्य लोगों ने भरत सिंह की फॉर्च्यूनर गाड़ी पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। आग लगने से भरत सिंह की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके साथ मौजूद अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए।
इस घटना में घायल नागेंद्र सिंह और वीरेंद्र सिंह ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। वहीं अन्य घायलों का अस्पताल में उपचार जारी है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में शोक और गुस्से का माहौल बना हुआ है।
स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए पुलिस और प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है। वरिष्ठ अधिकारी लगातार हालात पर नजर रखे हुए हैं। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है।

इधर, पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है। घटना में शामिल आरोपियों की तलाश, गिरफ्तारी और साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई लगातार जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के खिलाफ कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल प्रशासन की पहली प्राथमिकता इलाके में शांति बनाए रखना और किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति को रोकना है।





