रायपुर।सर्व छत्तीसगढ़िया किसान समाज के बैनर तले निकाली जा रही छत्तीसगढ़ी महतारी अस्मिता रथयात्रा रविवार को डोंगरिया, पंडरिया और कुंडा परिक्षेत्र के कई गांवों तक पहुँची। इस दौरान रथयात्रा के माध्यम से गांव-गांव में सभाएं आयोजित कर लोगों को छत्तीसगढ़ी अस्मिता और अधिकारों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया।
रथयात्रा का नेतृत्व किसान नेता महेंद्र कौशिक और राज्य निर्माण संग्राम सेनानी लालाराम वर्मा ने किया। यात्रा के दौरान आयोजित सभाओं में महेंद्र कौशिक, लालाराम वर्मा, पूर्व सरपंच साहू, जागतारण सिंह ठाकुर, भगत वर्मा, जगदम्बा साहू और रविंद्र चंद्रवंशी समेत कई वक्ताओं ने लोगों को संबोधित किया।
सभा को संबोधित करते हुए किसान नेता रविंद्र चंद्रवंशी ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के लिए 35 वर्षों तक लंबा संघर्ष किया गया था, लेकिन आज भी छत्तीसगढ़ की असली भावना और उद्देश्य अधूरे नजर आते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बाहरी तत्वों द्वारा लगातार छत्तीसगढ़ी महतारी की अस्मिता के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है और सरकार इस पर ठोस कार्रवाई करने में असफल साबित हो रही है।
वहीं राज्य निर्माण संग्राम सेनानी लालाराम वर्मा ने कहा कि जिन लोगों ने छत्तीसगढ़ी अस्मिता का अपमान किया है, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर यह रथयात्रा निकाली जा रही है। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ी महतारी अस्मिता रथयात्रा के माध्यम से प्रदेश भर में जनजागरण अभियान चलाया जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि महासमुंद में पुलिस द्वारा छत्तीसगढ़ी महतारी को जब्त किए जाने की घटना से प्रदेश की अस्मिता को ठेस पहुंची है। इस मामले में उन्होंने सरकार से जवाबदेही तय करने और मुख्यमंत्री से इस्तीफे की मांग भी की।
इस दौरान अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कार्यक्रम में शामिल महिला किसानों का श्रीफल भेंट कर सम्मान भी किया गया। रथयात्रा के गांव-गांव पहुंचने पर स्थानीय लोगों ने इसका स्वागत किया। आयोजकों के अनुसार, यात्रा के दौरान सैकड़ों किसान, युवा और महिलाएं संगठन से जुड़कर सदस्यता ग्रहण कर रहे हैं।



