रायपुर में होली के रंगों से पहले ही कानून का रंग चढ़ गया है। होली पर्व को शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में मनाने के लिए रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। साफ कहा गया है कि किसी भी व्यक्ति की मर्जी के खिलाफ रंग लगाना, पानी फेंकना या जबरदस्ती करना अब सीधे कानूनी कार्रवाई को आमंत्रित करेगा।
पुलिस की ओर से जारी एडवाइजरी में स्पष्ट किया गया है कि त्योहार की आड़ में हुड़दंग या उत्पात मचाने वालों के खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि “बुरा न मानो होली है” के नाम पर किसी की व्यक्तिगत स्वतंत्रता का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मुखौटों पर रोक क्यों?
इस बार एक और बड़ा फैसला लेते हुए पुलिस ने होली के दौरान मुखौटों की बिक्री और इस्तेमाल पर भी रोक लगा दी है। अधिकारियों के मुताबिक, कई बार असामाजिक तत्व अपनी पहचान छिपाने के लिए मास्क या मुखौटों का सहारा लेते हैं, जिससे कानून-व्यवस्था बनाए रखने में परेशानी होती है। इसलिए सुरक्षा के लिहाज से यह कदम उठाया गया है।
जमीन से आसमान तक निगरानी
शहर में शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए विशेष रणनीति तैयार की गई है। सड़कों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती के साथ लगातार पेट्रोलिंग की जाएगी। इतना ही नहीं, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन कैमरों की मदद से आसमान से भी निगरानी की जाएगी।
बाजारों में रौनक, पुलिस अलर्ट
4 मार्च को होली का त्योहार मनाया जाएगा, लेकिन छत्तीसगढ़ में अभी से उत्साह दिखाई दे रहा है। बाजारों में रंग-गुलाल और पिचकारियों की खरीदारी जोरों पर है। भीड़ को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा इंतजाम और भी मजबूत कर दिए हैं ताकि त्योहार की खुशी में कोई खलल न पड़े।
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि होली प्रेम, सौहार्द और जिम्मेदारी के साथ मनाएं। किसी की भावना या सहमति के बिना कोई भी कार्य न करें। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई तय है।



