रायपुर।छत्तीसगढ़ में राज्यसभा चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। 5 मार्च नामांकन की अंतिम तारीख तय की गई है और दो सीटों पर चुनाव होना है। ऐसे में प्रदेश की राजनीति एक बार फिर सक्रिय हो चुकी है। प्रमुख दल—कांग्रेस और भाजपा—अपने संभावित उम्मीदवारों को लेकर रणनीति बनाने में जुटे हैं।
कांग्रेस और भाजपा में टिकट को लेकर मंथन
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस प्रदेश स्तर पर संभावित नामों पर चर्चा कर रही है। संगठन की ओर से तैयार की गई सूची केंद्रीय नेतृत्व को भेजी जाएगी, जिसके बाद अंतिम मुहर नई दिल्ली से लगेगी।
वहीं भाजपा में भी मुख्यमंत्री निवास पर प्रारंभिक बैठक हो चुकी है। 2 मार्च को अंतिम दौर की चर्चा होने की संभावना है। इसके बाद प्रदेश संगठन नामों की सिफारिश केंद्रीय नेतृत्व को करेगा। पार्टी सूत्रों का कहना है कि अंतिम निर्णय शीर्ष नेतृत्व द्वारा ही लिया जाएगा।
नामांकन प्रक्रिया: जानिए अहम तारीखें
- 2 मार्च 2026: विधानसभा स्थित रिटर्निंग ऑफिसर कार्यालय से नामांकन फॉर्म मिलना शुरू
- 3 मार्च: चंद्र ग्रहण के कारण गतिविधियाँ सीमित रहने की संभावना
- 4 मार्च: होली का पर्व—राजनीतिक गतिविधियों पर असर
- 5 मार्च: नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि
- 6 मार्च: नामांकन पत्रों की जांच (स्क्रूटनी)
- 9 मार्च: नाम वापसी की अंतिम तिथि
- 19 मार्च: जरूरत पड़ने पर मतदान
दो सीटों पर मुकाबला, क्या होगी क्रॉस वोटिंग?
राजनीतिक समीकरणों के अनुसार, एक सीट पर भाजपा की स्थिति मजबूत मानी जा रही है। हालांकि दूसरी सीट को लेकर समीकरण जटिल हो सकते हैं। कुछ अतिरिक्त मतों की जरूरत पड़ने की चर्चा है, जिससे क्रॉस वोटिंग की अटकलें भी लगाई जा रही हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि मुकाबला कड़ा हुआ तो क्रॉस वोटिंग चुनावी चर्चा का मुख्य मुद्दा बन सकती है। फिलहाल दोनों दल अपने-अपने विधायकों की संख्या और रणनीति पर पैनी नजर बनाए हुए हैं।
छत्तीसगढ़ में राज्यसभा चुनाव की औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। 5 मार्च तक उम्मीदवारों के नाम सामने आ जाएंगे, जिससे राजनीतिक तस्वीर और स्पष्ट होगी। यदि 19 मार्च को मतदान की नौबत आई, तो प्रदेश की राजनीति में नए समीकरण देखने को मिल सकते हैं।







