छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में बर्ड फ्लू (H5N1) के बढ़ते खतरे को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा और एहतियाती कदम उठाया है। शहर का लोकप्रिय चिड़ियाघर कानन-पेंडारी जू को अगले 7 दिनों के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है।
प्रशासन का कहना है कि इस दौरान जू परिसर को पूरी तरह से सैनिटाइज किया जाएगा और वहां मौजूद वन्यजीवों की स्वास्थ्य जांच भी की जाएगी। साथ ही जू स्टाफ को अतिरिक्त सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके।
अधिकारियों के अनुसार, हालात सामान्य होने के बाद ही चिड़ियाघर को आम लोगों के लिए फिर से खोला जाएगा, जिसकी संभावना अप्रैल महीने में जताई जा रही है।
दरअसल, बिलासपुर में H5N1 वायरस की पुष्टि के बाद प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गया है। हालात की गंभीरता को देखते हुए प्रभावित क्षेत्र के 1 किलोमीटर के दायरे को “इन्फेक्टेड जोन” और 10 किलोमीटर तक के इलाके को “सर्विलांस जोन” घोषित किया गया है।
पिछले कुछ दिनों में पक्षियों की मौत के आंकड़े तेजी से बढ़े हैं। 19 मार्च से अब तक 4,700 से अधिक पक्षियों की मौत हो चुकी है, जिससे चिंता और बढ़ गई है। संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए प्रशासन ने कड़े कदम उठाते हुए करीब 22,800 चूजे, बतख और बटेरों को नष्ट किया है। इसके अलावा 80 क्विंटल चारा और 25,000 अंडों को भी सुरक्षित तरीके से नष्ट किया गया है।
संक्रमण की पुष्टि के बाद रामकृष्ण परमहंस नगर और विद्यासागर नगर वार्ड को विशेष निगरानी में रखा गया है।
इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर संजय अग्रवाल ने संबंधित विभागों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं और स्थिति पर लगातार नजर बनाए रखने को कहा है।
प्रशासन ने आम लोगों से भी अपील की है कि वे अफवाहों से बचें और किसी भी संदिग्ध स्थिति की तुरंत सूचना दें।



