रायपुर के VIP रोड से लगे नकटी गांव में जिला प्रशासन की अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को लेकर ग्रामीणों और प्रशासन के बीच तनावपूर्ण स्थिति बन गई है। प्रशासन की टीम भारी पुलिस बल के साथ गांव पहुंची, जहां बड़ी संख्या में पुलिस तैनात किए गए हैं।
कार्रवाई के दौरान ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि जिन मकानों को हटाने की कार्रवाई की जा रही है, उनमें कई लोगों के पास वैध दस्तावेज मौजूद हैं। कुछ परिवारों ने यह भी दावा किया कि उनके घर प्रधानमंत्री आवास योजना (PM आवास) के तहत बने हैं।
ग्रामीणों ने इस कार्रवाई के पीछे राजनीतिक मंशा होने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि नकटी गांव की जमीन को कथित तौर पर विधायकों की कॉलोनी के लिए चिन्हित किया गया है, इसी वजह से प्रशासन अतिक्रमण हटाने के नाम पर लोगों को बेदखल कर रहा है।
यह इलाका धरसीवां विधानसभा क्षेत्र में आता है और पहले भी कई बार विवादों में रह चुका है। ग्रामीणों का आरोप है कि जनप्रतिनिधियों के हितों को प्राथमिकता दी जा रही है, जबकि वर्षों से बसे परिवारों के अधिकारों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
यह मामला अब सिर्फ अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों के बीच भरोसे के संकट के रूप में भी सामने आ रहा है।





