रायपुर। छत्तीसगढ़ के लोगों को आने वाले महीने में बिजली का बड़ा झटका लग सकता है। राज्य बिजली वितरण कंपनी ने बिजली की दरों में करीब 24 फीसदी तक बढ़ोतरी का प्रस्ताव विद्युत नियामक आयोग को भेजा है। अगर इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो जुलाई से उपभोक्ताओं को ज्यादा बिजली बिल चुकाना पड़ सकता है।
बिजली कंपनी का कहना है कि उसे वित्तीय नुकसान और बढ़ते खर्चों का सामना करना पड़ रहा है। कंपनी ने वर्ष 2026-27 में करीब 6308 करोड़ रुपये से ज्यादा के घाटे का अनुमान जताते हुए बिजली दरों में संशोधन की मांग की है।
प्रस्ताव के मुताबिक घरेलू, व्यापारिक और औद्योगिक सभी श्रेणी के उपभोक्ताओं पर इसका असर पड़ सकता है। यानी घरों से लेकर दुकानों और उद्योगों तक सभी को बढ़ी हुई दरों पर बिजली का भुगतान करना पड़ सकता है।
इस मामले में राज्य विद्युत नियामक आयोग पहले ही जनसुनवाई कर चुका है। लोगों और विभिन्न संगठनों से मिले सुझावों व आपत्तियों पर विचार करने के बाद आयोग ने बिजली कंपनी से अतिरिक्त जानकारी भी मांगी थी। अब अंतिम फैसला जल्द आने की संभावना है।
बता दें कि पिछले साल भी बिजली दरों में बढ़ोतरी की गई थी, जब प्रति यूनिट लगभग 20 पैसे की वृद्धि हुई थी। ऐसे में यदि इस बार 24 प्रतिशत तक टैरिफ बढ़ता है तो आम उपभोक्ताओं के मासिक बजट पर सीधा असर पड़ सकता है।
अब प्रदेशभर के लाखों बिजली उपभोक्ता आयोग के अंतिम फैसले का इंतजार कर रहे हैं।







