मुंगेली। सरगांव तहसील के ग्राम रामबोड़ स्थित वासुदेव ट्रेड प्लांट में ट्रक की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों और ग्रामीणों में भारी गुस्सा फैल गया। मुआवजे की मांग को लेकर लोगों ने रायपुर–बिलासपुर नेशनल हाईवे पर शव रखकर चक्का जाम कर दिया। बाद में प्रशासन की समझाइश के बाद मामला शांत हुआ और पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति बनी।
जानकारी के मुताबिक, ग्राम करही निवासी धर्मेंद्र यादव की प्लांट परिसर में ट्रक से टक्कर लगने के बाद मौत हो गई थी। घटना के बाद परिजनों ने आरोप लगाया कि उन्हें उचित मदद और मुआवजा नहीं दिया जा रहा था, जिससे लोगों का आक्रोश बढ़ गया।
शव रखकर किया चक्का जाम
आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने शव को सड़क पर रखकर रायपुर–बिलासपुर नेशनल हाईवे जाम कर दिया। इससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई और आवागमन पूरी तरह ठप हो गया। लोग मुआवजा मिलने तक आंदोलन जारी रखने की बात पर अड़े रहे।
मौके पर पहुंचे जनप्रतिनिधि
स्थिति को देखते हुए कांग्रेस नेता आशुतोष पांडे और दिलीप कौशिक समेत कई जनप्रतिनिधि और सामाजिक कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार को न्याय और आर्थिक सहायता दिलाने की मांग का समर्थन किया। इस दौरान औद्योगिक इकाइयों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठे।
प्रशासन ने कराया समाधान
चक्का जाम की सूचना मिलते ही प्रशासन मौके पर पहुंचा। कलेक्टर कुंदन कुमार के निर्देश पर और एसडीएम के मार्गदर्शन में तहसीलदार अतुल वैष्णव ने परिजनों, ग्रामीणों और प्लांट प्रबंधन से बातचीत की। कई दौर की चर्चा के बाद सहमति बनी।
तहसीलदार ने बताया कि मृतक के परिवार को 10 लाख रुपये मुआवजा देने पर सहमति हुई है, जबकि बीमा राशि अलग से दी जाएगी। इसके बाद परिजनों ने आंदोलन खत्म कर दिया।
फिलहाल इलाके में स्थिति सामान्य है, लेकिन इस हादसे ने प्लांटों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।







