रायपुर/सक्ति। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण बॉयलर ब्लास्ट के बाद हालात और भी गंभीर होते जा रहे हैं। हादसे में मरने वालों की संख्या बढ़कर अब 16 हो गई है, जबकि 36 से ज्यादा मजदूर अब भी घायल हैं।
यह हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, बल्कि कई परिवारों के लिए जीवनभर का दर्द बन गया है। जिन घरों में कल तक रौनक थी, आज वहां मातम पसरा हुआ है। घायलों में कई की हालत नाजुक बनी हुई है, जिन्हें बेहतर इलाज के लिए रायपुर के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
घटना के बाद जिला प्रशासन ने तेजी दिखाते हुए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। कलेक्टर अमृत विकास टोप्पो ने डभरा एसडीएम को जांच की जिम्मेदारी सौंपी है और 30 दिनों के भीतर रिपोर्ट मांगी है।
हादसे के बाद प्लांट प्रबंधन ने मृतकों के परिजनों को 35 लाख रुपये और घायलों को 15 लाख रुपये देने की घोषणा की है। साथ ही, प्रत्येक प्रभावित परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने का आश्वासन भी दिया गया है।
राज्य सरकार ने भी संवेदना व्यक्त करते हुए मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि देने का ऐलान किया है।
हादसे के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आ रही हैं। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज के निर्देश पर पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल के नेतृत्व में 9 सदस्यीय जांच समिति बनाई गई है, जो घटना की जांच कर रिपोर्ट सौंपेगी।







