जगदलपुर। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के दौरान मतदाता फ़ॉर्म भर रहे लोगों को साइबर ठगी से सावधान रहने की सलाह दी गई है। राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने गुरुवार को जारी सूचना में बताया कि एसआईआर फ़ॉर्म भरते समय मोबाइल नंबर देना पूरी तरह सुरक्षित है, लेकिन कुछ ठग इसी प्रक्रिया का फायदा उठाकर लोगों को निशाना बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
सूचना में स्पष्ट किया गया है कि बीएलओ (Booth Level Officer) कभी भी ओटीपी नहीं मांगते, इसलिए अगर कोई व्यक्ति फोन कर एसआईआर से जुड़े ओटीपी की जानकारी मांगे तो तुरंत मना कर दें और इसकी सूचना स्थानीय निर्वाचन कार्यालय या बीएलओ को दें। किसी भी प्रकार का दबाव या धमकी मिलने पर तुरंत पुलिस से संपर्क करने की सलाह दी गई है।
पुलिस ने भी चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि यह नई तरह की ऑनलाइन धोखाधड़ी सक्रिय हो रही है, इसलिए कोई भी व्यक्ति अपने मोबाइल पर आए ओटीपी को किसी अजनबी से साझा न करें। अधिक जानकारी या सहायता के लिए हेल्पलाइन 1950 पर कॉल किया जा सकता है या मुख्य निर्वाचन अधिकारी छत्तीसगढ़ के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म—फेसबुक, X और इंस्टाग्राम—से अपडेट प्राप्त किए जा सकते हैं।
इस बीच बस्तर जिले में SIR अभियान तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। बीएलओ गांव-गांव जाकर गणना पत्रक भरवा रहे हैं और लोग भी सक्रिय रूप से सहयोग कर रहे हैं। शुक्रवार को ग्राम पंचायत आड़ावाल के नयापारा क्षेत्र के लोगों ने बताया कि बीएलओ न केवल फार्म भरने में मदद कर रहे हैं बल्कि 2003 की मतदाता सूची से पुरानी जानकारी भी उपलब्ध करा रहे हैं, जिससे पूरी प्रक्रिया और आसान हो गई है।



