रायपुर। छत्तीसगढ़ के चर्चित शराब घोटाला केस में आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने अब कांग्रेस पार्टी को नोटिस जारी किया है। EOW के डीआईजी की ओर से भेजे गए इस नोटिस को प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव के नाम पर जारी किया गया है, हालांकि इसे पार्टी के प्रभारी महासचिव मलकीत गेंदा को प्राप्त हुआ है।
नोटिस में ब्यूरो ने पार्टी कार्यालय, राजीव भवन रायपुर में कार्यरत देवेन्द्र डडसेना के बारे में विस्तृत जानकारी मांगी है। देवेन्द्र डडसेना को पहले ही EOW ने शराब घोटाले में गिरफ्तार कर लिया था और वह फिलहाल जेल में है।
EOW ने नोटिस में साफ किया है कि शराब घोटाले से जुड़े एफआईआर में देवेन्द्र डडसेना का नाम सामने आया है। इसलिए पार्टी से तीन बिंदुओं पर जानकारी मांगी गई है—

1️⃣ देवेन्द्र डडसेना की नियुक्ति से जुड़े सभी दस्तावेज।
2️⃣ उसके कार्य और जिम्मेदारियों से संबंधित जानकारी।
3️⃣ उसे दिए जाने वाले वेतन और अन्य भुगतान का विवरण।
ब्यूरो ने कांग्रेस से कहा है कि यह जानकारी जल्द से जल्द EOW कार्यालय में जमा कराई जाए, ताकि जांच आगे बढ़ सके।
गौरतलब है कि इस शराब घोटाले की राशि 2100 करोड़ नहीं बल्कि 3200 करोड़ रुपये तक पहुंच चुकी है। EOW ने इस केस में चार्जशीट दाखिल की है और नाम आने के बाद आबकारी विभाग ने 22 अधिकारियों को निलंबित कर दिया था।
देवेन्द्र डडसेना, जो कांग्रेस कार्यालय में अकाउंटेंट के रूप में कार्यरत था, की गिरफ्तारी के बाद अब जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि उसकी नियुक्ति कब और किसके आदेश से हुई थी।
यह नोटिस आने के बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। विपक्ष जहां कांग्रेस पर सवाल उठा रहा है, वहीं पार्टी का कहना है कि वे जांच में पूरा सहयोग करेंगे।



