14 जुलाई 2025 को केंद्र सरकार ने आधिकारिक अधिसूचना जारी की, जिसमें के.आर. श्रीराम को राजस्थान हाईकोर्ट का 43वां मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया । ये नियुक्ति सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश पर आधारित है, जिसे केंद्र ने विधिसम्मत रूप से स्वीकार किया।
आधिकारिक नोटिफिकेशन के बाद, श्रीराम जी मद्रास हाईकोर्ट छोड़कर राजस्थान उच्च न्यायालय में अपने नए पद की शपथ लेंगे। उनके आगमन के साथ न्यायपालिका में अनुभव और नेतृत्व का नया अध्याय जुड़ने की उम्मीद है।
के.आर. श्रीराम की योग्यता एवं अपना लक्ष्य:
अनुभवी वकील व न्यायाधीश रहे श्रीराम जी का पेशेवर सफर मुंबई से मद्रास तक फैला हुआ है। उनकी सामाजिक प्रतिबद्धता उन्हें सिर्फ एक न्यायधीश नहीं बल्कि संवेदनशील मानवीय नेता भी बनाती है।
राजस्थान हाईकोर्ट की दिशा:
राजस्थान में उनका नेतृत्व न्यायालय के कार्यक्षेत्र में नए अध्याय खोलेगा। एम एम श्रीवास्तव जैसे अनुभवी न्यायाधीश के मद्रास में जाने से वहां भी पिछली न्यायिक दिशा को निरंतरता मिलेगी।






