पश्चिम एशिया में ईरान और इजराइल के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है। ईरानी सरकारी मीडिया ने दावा किया है कि तेहरान ने इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद के मुख्यालय पर सीधा हमला किया है। इसके साथ ही ईरान ने भविष्य में और भी घातक हमलों की चेतावनी दी है। दूसरी ओर, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि वह सिर्फ अस्थायी युद्धविराम नहीं, बल्कि इस संघर्ष का स्थायी समाधान चाहते हैं।
मोसाद के मुख्यालय पर निशाना
प्रेस टीवी के अनुसार, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा है कि उन्होंने मंगलवार को इजराइल के मोसाद के एक ठिकाने को टारगेट किया है। इजरायली सेना ने हमले को मामूली बताते हुए कहा कि मिसाइल हमलों से केवल एक बस पार्किंग को नुकसान पहुंचा है। हालांकि, ईरानी मीडिया का दावा है कि इस हमले में इजरायली सामरिक केंद्रों को गंभीर क्षति पहुंची है, जिनमें एमन लॉजिस्टिक्स सेंटर और हर्जलिया में स्थित मोसाद का मुख्यालय शामिल है।
ईरान ने चेतावनी दी – अगला हमला और खतरनाक होगा
ईरानी सेना ने सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि आने वाले समय में और भी शक्तिशाली और आधुनिक हथियारों से इजराइल पर आक्रमण किया जाएगा। इजराइल डिफेंस फोर्स (IDF) ने कहा कि ईरान ने मंगलवार को 30 मिसाइलें दागीं, जिनमें से कुछ मिसाइलें इजरायली सुरक्षा कवच को पार कर गईं।
IDF का जवाब – दुश्मनों का पीछा जारी रहेगा
IDF ने कहा, “हम अपनी उन्नत खुफिया प्रणाली, हवाई दबदबे और जटिल सैन्य रणनीतियों के साथ अपने दुश्मनों का पीछा करते रहेंगे।” इजराइल का दावा है कि उनके एक हवाई हमले में ईरान के शीर्ष सैन्य अधिकारी अली शादमानी मारे गए हैं, जिन्हें हाल ही में उनके पूर्ववर्ती के मारे जाने के बाद नियुक्त किया गया था।
ट्रंप का बड़ा बयान – सिर्फ युद्धविराम नहीं, अंतिम समाधान चाहिए
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, “मैं केवल युद्धविराम नहीं चाहता, मैं चाहता हूं कि यह संघर्ष हमेशा के लिए समाप्त हो। केवल बातचीत से कुछ नहीं होगा, अब असली अंत चाहिए।” ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान को पहले ही प्रस्तावित शांति समझौते को स्वीकार कर लेना चाहिए था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्होंने ईरान से किसी भी प्रकार की शांति वार्ता के लिए संपर्क नहीं किया है और अब अवसर समाप्त हो चुका है।



